नई दिल्ली : केंद्र सरकार की स्वास्थ्य योजना सीजीएचएस (CGHS) के ओपीडी परामर्श शुल्क में बदलाव किया गया है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने हाल ही में यह स्पष्ट किया है कि अब 47 लाख लाभार्थियों को ओपीडी परामर्श शुल्क के रूप में सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के लिए 700 रुपये और सामान्य विशेषज्ञ डॉक्टरों के लिए 350 रुपये देना होगा।
मंत्रालय ने यह स्पष्टीकरण इसलिए जारी किया है क्योंकि पिछले वर्ष सीजीएचएस दरों में संशोधन के बाद कई अस्पतालों और लाभार्थियों के बीच ओपीडी शुल्क को लेकर भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। सीजीएचएस सूचीबद्ध अस्पतालों में सुपर-स्पेशलिस्ट (DM/MCh) द्वारा दी जाने वाली ओपीडी परामर्श सेवाओं पर ही 700 रुपये का शुल्क लागू होगा। यह केवल उन्हीं मामलों में लागू होगा, जब परामर्श मान्यता प्राप्त सुपर-स्पेशलिस्ट द्वारा संबंधित क्षेत्र में दिया जा रहा हो। वहीं, सामान्य विशेषज्ञ डॉक्टरों के परामर्श शुल्क 350 रुपये ही रहेगा।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि इन-पेशेंट (IPD) मामलों में प्रति विशेषज्ञ अधिकतम दो परामर्श प्रति दिन स्वीकार्य होंगे। इस नियम में कोई बदलाव नहीं किया गया है। नए दिशा-निर्देशों के तहत ओपीडी शुल्क की यह सुविधा केवल सीजीएचएस सूचीबद्ध अस्पतालों में लागू होगी। मंत्रालय ने सभी लाभार्थियों और अस्पतालों को सूचित किया है कि 700 रुपये का शुल्क हर ओपीडी पर लागू नहीं होगा, बल्कि केवल सुपर-स्पेशलिस्ट डॉक्टरों द्वारा दी जाने वाली सेवाओं पर ही यह शुल्क लिया जाएगा।
इससे पहले भी सीजीएचएस ने अपनी दरों में संशोधन करते हुए डॉक्टर की योग्यता और विशेषज्ञता के आधार पर शुल्क निर्धारित किया था। अब स्वास्थ्य मंत्रालय ने स्पष्ट कर दिया है कि ओपीडी शुल्क के नियम और सीमाएँ पूरी तरह से लागू हैं, जिससे लाभार्थियों और अस्पतालों के बीच भ्रम की स्थिति समाप्त होगी।
