पूर्व सीएम ने ट्वीट कर यूपी में निवेश और विकास को लेकर सरकार पर साधा निशाना
लखनऊ :समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने प्रदेश की आर्थिक नीतियों और निवेश के मुद्दे को लेकर भाजपा सरकार पर करारा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश को यदि ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाना है, तो छोटे दुकानदारों और कारोबारियों को मजबूत करना होगा, न कि केवल बड़े-बड़े वादों पर निर्भर रहना चाहिए। अखिलेश यादव ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा करते हुए कहा कि “उन इंवेस्टमेंट समिट से कुछ नहीं होने वाला जो सरकार के दबाव में उद्योगपतियों से वादा तो करवा लेती हैं लेकिन ज़मीन पर कहीं भी निवेश दिखाई नहीं देता और जो कुछ गिने-चुने निवेशक आते भी हैं, तो भाजपाई एजेंट और अधिकारी उनसे कमीशन एडवांस में माँगते हैं, जिससे वो लौट जाते हैं।”
अधिकारियों की अदला-बदली और टेंडर की राजनीति पर भी सवाल
सपा प्रमुख ने प्रदेश में जारी प्रशासनिक बदलाव और टेंडर प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि,“कुछ चुनिंदा अधिकारियों के बदलने के बाद टेंडर भी रद्द किये जा रहे हैं। अगर नये अधिकारी के साथ टेंडर भी हर बार बदलवाया जाएगा तब तो हो चुका काम।”उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश का विकास भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी के दलदल में फंसा हुआ है, जिससे राज्य का विकास अवरुद्ध हो गया है।
भाजपा पर सीधा हमला, एजेंट संस्कृति पर सवाल
पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने भाजपा की नीतियों को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि भाजपा सरकार में एजेंट और कमीशनबाजों की संस्कृति हावी हो चुकी है, जिससे ईमानदार निवेशक प्रदेश से किनारा कर रहे हैं।
स्थानीय व्यापारियों को बताया असली ताकत

सपा प्रमुख ने यह भी कहा कि सरकार को चाहिए कि वह स्थानीय व्यापारियों, छोटे दुकानदारों, स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाली योजनाओं को प्राथमिकता दे, तभी आर्थिक आत्मनिर्भरता संभव है।
