मदर्स डे पर भव्य रंगारंग कार्यक्रम किए आयोजित
बरेली : शहर के नकटिया पर स्थित जनता इंग्लिश इंटर कॉलेज में शनिवार को मदर्स डे पर भव्य आयोजन एवं प्राइज डिस्ट्रीब्यूशन समारोह बड़े उत्साह और भावनात्मक वातावरण में संपन्न हुआ। विद्यालय परिसर में माताओं के प्रति सम्मान और आभार प्रकट करने के लिए विशेष आयोजन किए गए। इस अवसर पर बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की माताएं उपस्थित रहीं और अपने बच्चों के साथ मिलकर यादगार पल साझा किए। कार्यक्रम की शुरुआत छोटे-छोटे बच्चों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, कविताओं और मां को समर्पित गीतों से हुई। बच्चों ने अपनी मांओं के लिए विशेष उपहार तैयार किए और उन्हें मंच पर बुलाकर मदर’स डे की शुभकामनाएं दीं। भावनाओं से भरे इस दृश्य ने हर किसी की आंखों में नमी ला दी।
संस्थापक का प्रेरणादायक संबोधन
विद्यालय के संस्थापक हाजी मोहम्मद इकबाल एडवोकेट साहब ने इस मौके पर कहा कि “बच्चों का पहला स्कूल मां की गोद होती है। मां जैसा चाहे, वैसा बच्चा बना सकती है। यदि मां शिक्षकों के साथ मिलकर बच्चे की पढ़ाई में सहयोग करें तो वह समाज और देश का नाम रोशन कर सकता है। गरीबी, हौसले और जुनून के सामने कभी रुकावट नहीं बन सकती।”
सम्मानित करने के साथ किया पुरस्कार वितरण
इस विशेष अवसर पर छात्र-छात्राओं को मेडल प्रदान किए गए, जिन्हें उन्होंने अपनी मांओं को समर्पित करते हुए स्वयं अपने हाथों से पहनाया। यह दृश्य सभी उपस्थित जनों के लिए भावुक और प्रेरणादायक रहा। हर मां के चेहरे पर गर्व और खुशी की झलक साफ नजर आ रही थी। विद्यालय के एम.डी. काशिफ रज़ा ने माताओं को संबोधित करते हुए कहा कि”मां को बच्चों के हर कदम पर साथ देना होगा। समय निकालकर स्कूल कॉलेज आकर उनके बारे में जानकारी लेनी चाहिए। शिक्षकों से सहयोग करें, तभी बच्चा जीवन में कुछ बड़ा कर सकेगा।”
मोबाइल से दूर रखें बच्चों को
प्रधानाचार्या जैनब ने आधुनिक दौर की चुनौतियों पर बोलते हुए कहा कि “आज के समय में मांओं को बच्चों को मोबाइल की लत से दूर रखने के लिए उनके साथ समय बिताना होगा। बच्चों को मां से जोड़ना बेहद जरूरी है।”विद्यालय की शिक्षिकाएं एवं शिक्षक दीपशिखा सिंह, जैनब खान, इकरा रफीक, अंशी शाक्या, अलिश्मा, हसीन, अरहम, जितेंद्र कश्यप, शिवम कुमार, सोहित पाठक और साजन सोनी ने सभी माताओं का दिल से स्वागत किया और मिठाइयों के साथ उनका अभिनंदन किया। सभी ने माताओं की उपस्थिति के लिए आभार प्रकट किया।
