फतेहपुर/लखनऊ : यूपी के फतेहपुर के आबूनगर रेडइया स्थित एक पुराने मकबरे को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। एक पार्टी के जिलाध्यक्ष के आह्वान पर सोमवार को बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की बात सामने आई है। इसको पुराना हिंदू मंदिर बताते हुए पूजा-आरती करने की तैयारी करने लगे। इस दौरान हिंदू संगठनों और मुस्लिम पक्ष के लोग आमने-सामने आ गए। इससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
जानें कैसे बढ़ा मामला
एक राष्ट्रीय पार्टी का जिलाध्यक्ष पर आरोप है कि मकबरे में पूजा करने का आह्वान किया गया था। मठ मंदिर संरक्षण समिति ने हाल ही में डीएम को ज्ञापन देकर इस स्थल को ठाकुरद्वारा मंदिर बताया और सुंदरीकरण/विस्तारीकरण की मांग की। जिसके चलते हिंदू संगठनों के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस ने रोकने की कोशिश की, लेकिन कई लोग अंदर घुस गए और भगवा झंडा फहराने व तोड़फोड़ की कोशिश की गई।
मुस्लिम पक्ष का दावा
राष्ट्रीय ओलमा कौंसिल के महासचिव तलहा आमिर ने डीएम को पत्र देकर बताया कि अभिलेखों में यह मकबरा मंगी के नाम से दर्ज है और इसके मुतवल्ली मोहम्मद अनीश हैं।
डीएम, और एसपी मौके पर
DM रविन्द्र सिंह और SP मौके पर मौजूद हैं। दोनों पक्षों को बातचीत के लिए बुलाया गया। अब्दुल समद मकबरे पर भारी पुलिस फोर्स तैनात की गई है। फिलहाल कानून-व्यवस्था नियंत्रण में है।
