नई दिल्ली/लेह: लेह में प्रशासन ने स्थिति को गंभीर मानते हुए बीएनएसएस की धारा 163 के तहत 5 या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक लगा दी है। सुरक्षा बनाए रखने के लिए भारी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है।
सोनम वांगचुक की अपील: हिंसा बंद करें
लेह में हालिया हिंसा के बाद सोनम वांगचुक ने युवाओं से शांति बनाए रखने और हिंसा रोकने की अपील की। उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर कहा, “पुलिस वाहनों और कार्यालयों को नुकसान पहुंचाना हमारे आंदोलन को ही कमजोर करता है। मैं युवाओं से निवेदन करता हूं कि इस पागलपन को रोकें।” इसके साथ ही उन्होंने देश और लद्दाख की शांति को देखते हुए अपनी भूख हड़ताल समाप्त करने की जानकारी दी।
वार्ता की मांग और राजनीतिक प्रतिक्रिया
लेह एपेक्स बॉडी और कारगिल डेमोक्रेटिक एलायंस के प्रतिनिधियों के साथ गृह मंत्रालय की अगली बैठक 6 अक्तूबर को प्रस्तावित है। हालांकि, स्थानीय युवा शाखाओं ने मांग की है कि वार्ता की तारीख आगे बढ़ाई जाए, खासकर जब दो वरिष्ठ भूख हड़तालियों की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और एनसी के विधायक तनवीर सादिक ने सरकार की विफलताओं की आलोचना करते हुए कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि पूर्ण राज्य की मांग (स्टेटहुड) बहाल नहीं की गई। उन्होंने कहा कि यह जनता के साथ नाइंसाफी है।
लद्दाख महोत्सव भी रद्द
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने चार दिवसीय लद्दाख महोत्सव के समापन दिन का कार्यक्रम रद्द कर दिया। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने बताया कि स्थानीय कलाकारों, सांस्कृतिक समूहों, पर्यटकों और आम जनता से स्थिति के चलते क्षमा मांगी गई है।
