नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय के नेतृत्व में सपा प्रतिनिधिमंडल पहुंचा यूनिवर्सिटी, छात्रों के आंदोलन को बताया न्याय की लड़ाई
रामपुर: मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों को ध्वस्त करने के आदेश के विरोध में चल रहे आंदोलन को गुरुवार को समाजवादी पार्टी का खुला समर्थन मिल गया। नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय के नेतृत्व में सपा का प्रतिनिधिमंडल यूनिवर्सिटी पहुंचा, जहां धरने पर बैठे छात्रों और पार्टी कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी के बीच उनका स्वागत किया।
प्रतिनिधिमंडल में कई विधायक और पार्टी के वरिष्ठ नेता शामिल रहे। नेताओं ने धरनास्थल पर पहुंचकर छात्र-छात्राओं से बातचीत की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी जौहर यूनिवर्सिटी और छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है तथा लोकतांत्रिक तरीके से इस लड़ाई को आगे बढ़ाएगी।
सुबह से ही जौहर यूनिवर्सिटी के मुख्य गेट पर छात्रों और समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। संभल, अमरोहा, मुरादाबाद और अन्य जिलों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रामपुर पहुंचे। सभी नेता पहले बरेली-मुरादाबाद रोड स्थित टोल प्लाजा पर एकत्र हुए और वहां से काफिले के रूप में यूनिवर्सिटी पहुंचे।
प्रतिनिधिमंडल के दौरे को देखते हुए यूनिवर्सिटी परिसर और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। मुख्य गेट पर भारी पुलिस बल तैनात रहा और अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए रहे। इस दौरान सपा कार्यकर्ताओं ने आजम खान के समर्थन में नारेबाजी की और ध्वस्तीकरण आदेश वापस लेने की मांग उठाई।
रामपुर पहुंचने पर नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय और अन्य सपा नेता पहले सर्किट हाउस पहुंचे, जहां उन्होंने बिजली व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई। नेताओं का आरोप था कि सर्किट हाउस में बिजली नहीं थी और एसी बंद पड़े थे। उन्होंने इसे प्रशासनिक अव्यवस्था बताया। सपा नेताओं ने कहा कि वे प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर जौहर यूनिवर्सिटी के ध्वस्तीकरण आदेश को वापस लेने की मांग करेंगे, जबकि प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था होने की बात कही।