नई दिल्ली : भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गुरुवार को #SkillTheNation एआई चैलेंज का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने ओडिशा के रायरांगपुर में इग्नू क्षेत्रीय केंद्र और कौशल केंद्र का वर्चुअल उद्घाटन भी किया। राष्ट्रपति मुर्मू ने भारत के भविष्य के निर्माण में कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी एआई की परिवर्तनकारी भूमिका पर विशेष जोर दिया। राष्ट्रपति भवन सांस्कृतिक केंद्र में आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाओं और समाजों को नए सिरे से आकार दे रही है। एआई लोगों के सीखने, काम करने और आधुनिक सेवाओं तक पहुंचने के तरीकों में बड़ा बदलाव ला रही है।
उन्होंने कहा कि भारत जैसे युवा देश के लिए एआई केवल एक नई तकनीक नहीं, बल्कि सकारात्मक और समावेशी परिवर्तन का एक सशक्त माध्यम है। राष्ट्रपति मुर्मू ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि उभरती प्रौद्योगिकियों से आकार ले रहे भविष्य के लिए उन्हें तैयार होते देखना खुशी की बात है। उन्होंने छात्रों से आग्रह किया कि वे अपने ज्ञान और कौशल का उपयोग समाज की सेवा, समस्याओं के समाधान और दूसरों को सशक्त बनाने के लिए करें। इस अवसर पर राष्ट्रपति मुर्मू ने एआई लर्निंग मॉड्यूल पूरा करने वाले सांसदों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि यह निरंतर सीखने और उदाहरण प्रस्तुत करने वाले नेतृत्व का प्रतीक है।
राष्ट्रपति ने एआई को भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक प्रमुख विकास चालक बताया। उन्होंने कहा कि आने वाले दशक में एआई देश की जीडीपी, रोजगार सृजन और उत्पादकता बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने डेटा साइंस, एआई इंजीनियरिंग और डेटा एनालिटिक्स जैसे कौशलों को मजबूत राष्ट्रीय प्रतिभा निर्माण के लिए बेहद जरूरी बताया।
राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि सरकार संस्थानों, उद्योग भागीदारों और शिक्षाविदों के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है कि भारत न केवल उन्नत प्रौद्योगिकियों को अपनाए, बल्कि एक जिम्मेदार और समावेशी तकनीकी भविष्य का भी निर्माण करे। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप देश को ज्ञान महाशक्ति बनाने और एक विकसित भारत के निर्माण के लिए सामूहिक प्रतिबद्धता का आह्वान किया। यह कार्यक्रम कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय द्वारा आयोजित किया गया, जो भारत के कार्यबल को एआई-संचालित भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में सरकार के निरंतर प्रयासों का हिस्सा है।
