लखनऊ: उत्तर प्रदेश में प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए योगी सरकार लगातार बड़े स्तर पर अधिकारियों के तबादले कर रही है। इसी क्रम में शुक्रवार को प्रदेश सरकार ने छह आईपीएस अधिकारियों के तबादले कर उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंप दी हैं। सरकार के इस फैसले को पुलिस प्रशासन में बेहतर समन्वय और कार्यकुशलता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
जारी तबादला सूची के अनुसार वर्ष 2007 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी रवि शंकर छवि को नई जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें पुलिस महानिरीक्षक लोक शिकायत, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक के पद पर नियुक्त किया गया है। इससे पहले रवि शंकर छवि पुलिस महानिरीक्षक प्रतीक्षारत, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक के पद पर तैनात थे। अब उन्हें लोक शिकायत जैसे महत्वपूर्ण विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जहां जनता से जुड़ी शिकायतों के निस्तारण और पुलिस व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की अहम भूमिका होगी।

वहीं वर्ष 2010 बैच के आईपीएस अधिकारी हरीश चंदर को पुलिस उपमहानिरीक्षक भ्रष्टाचार निवारण संगठन, उत्तर प्रदेश, लखनऊ की जिम्मेदारी दी गई है। हरीश चंदर इससे पहले पुलिस उपमहानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र, कानपुर के पद पर कार्यरत थे। अब उन्हें भ्रष्टाचार निवारण संगठन में तैनाती देकर सरकार ने एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है। सरकार ने वर्ष 2010 बैच की आईपीएस अधिकारी पूनम को भी नई जिम्मेदारी दी है। उन्हें पुलिस उपमहानिरीक्षक मिर्जापुर परिक्षेत्र, मिर्जापुर के पद पर तैनात किया गया है। पूनम इससे पहले पुलिस उपमहानिरीक्षक एवं प्रधानाचार्य पीटीएस मेरठ के पद पर कार्य कर रही थीं। उनके प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए अब उन्हें मिर्जापुर परिक्षेत्र की कमान सौंपी गई है।
इसके अलावा आईपीएस अधिकारी अशोक कुमार चतुर्थ को पुलिस उपमहानिरीक्षक देवीपाटन परिक्षेत्र, गोंडा बनाया गया है। अशोक कुमार चतुर्थ वर्तमान में पुलिस उपमहानिरीक्षक सीआईडी, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के पद पर तैनात थे। अब उन्हें देवीपाटन परिक्षेत्र की कानून व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी संभालनी होगी।
तबादला सूची में वर्ष 2012 बैच के आईपीएस अधिकारी सचिन्द्र पटेल का नाम भी शामिल है। उन्हें अपर पुलिस आयुक्त, पुलिस कमिश्नरेट आगरा के पद पर नियुक्त किया गया है। सचिन्द्र पटेल वर्तमान में पुलिस उपमहानिरीक्षक भ्रष्टाचार निवारण संगठन, उत्तर प्रदेश, लखनऊ में तैनात थे। आगरा जैसे महत्वपूर्ण शहर में उनकी तैनाती को कानून व्यवस्था के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
वहीं वर्ष 2012 बैच के आईपीएस अधिकारी यमुना प्रसाद को पुलिस उपमहानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र, कानपुर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। यमुना प्रसाद इससे पहले पुलिस उपमहानिरीक्षक पीटीएस मुरादाबाद के पद पर कार्यरत थे। अब वे कानपुर परिक्षेत्र की कमान संभालेंगे और क्षेत्र की कानून व्यवस्था को और मजबूत बनाने की दिशा में कार्य करेंगे। प्रदेश सरकार द्वारा किए गए इन तबादलों को प्रशासनिक व्यवस्था में नई ऊर्जा और बेहतर कार्यप्रणाली स्थापित करने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है। समय-समय पर अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव कर सरकार विभिन्न क्षेत्रों में प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और बेहतर परिणाम सुनिश्चित करने की कोशिश करती रही है।
राजनीतिक और प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि इस तरह के फेरबदल से अधिकारियों को नए क्षेत्रों में काम करने का अवसर मिलता है और शासन की प्राथमिकताओं को जमीन पर बेहतर तरीके से लागू करने में मदद मिलती है। खासतौर पर कानून व्यवस्था, जन शिकायतों के निस्तारण और भ्रष्टाचार नियंत्रण जैसे संवेदनशील विभागों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
फिलहाल सरकार की ओर से जारी इस तबादला सूची के बाद संबंधित अधिकारियों ने अपनी नई जिम्मेदारियां संभालने की तैयारी शुरू कर दी है। आने वाले दिनों में इन अधिकारियों के कार्यों और नई तैनाती का असर प्रदेश की प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था पर देखने को मिलेगा।
