6 से 8 अगस्त तक बरेली में होगा विश्व प्रसिद्ध 108वां उर्स-ए-रज़वी,परचम कुशाई से होगा उर्स का आगाज़, 8 अगस्त को कुल शरीफ के साथ होगा समापन
बरेली : विश्व प्रसिद्ध आला हज़रत इमाम अहमद रज़ा खां फाज़िले बरेलवी के 108वें तीन दिवसीय उर्स-ए-रज़वी की तैयारियां तेज हो गई हैं। आगामी 6 अगस्त से 8 अगस्त 2026 तक आयोजित होने वाले इस धार्मिक आयोजन में देश-विदेश से लाखों जायरीनों के बरेली पहुंचने की संभावना को देखते हुए जमात रज़ा-ए-मुस्तफा ने रेलवे प्रशासन से विशेष इंतजाम करने की मांग उठाई है। इसी क्रम में जमात रज़ा-ए-मुस्तफा का एक प्रतिनिधिमंडल उर्स कोर कमेटी के डॉ. मेहंदी हसन के नेतृत्व में पूर्वोत्तर रेलवे (एनईआर) के इज्जतनगर मंडल की मंडल रेल प्रबंधक (DRM) वीणा सिन्हा से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने उर्स के दौरान उर्स स्पेशल ट्रेनों का संचालन, रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था तथा यात्रियों की सुविधाएं बढ़ाने की मांग रखी।
देश, और दुनिया से आएंगे जायरीन
डॉ. मेहंदी हसन ने बताया कि उर्स के अवसर पर मुंबई,अहमदाबाद, सूरत, जयपुर, इंदौर, भोपाल, नागपुर, हैदराबाद, बेंगलुरु, कोलकाता, पटना, लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज और कानपुर समेत देश के विभिन्न शहरों से बड़ी संख्या में जायरीन रेल मार्ग से बरेली पहुंचते हैं। ऐसे में विशेष ट्रेनों का संचालन और अतिरिक्त रेलवे सुरक्षा बल (RPF/GRP) की तैनाती जरूरी है। प्रतिनिधिमंडल ने रेलवे से बरेली जंक्शन और ट्रेनों में आरपीएफ, जीआरपी और आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती, जनरल और स्लीपर कोचों में सुरक्षा बढ़ाने तथा महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए महिला सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की भी मांग की।
जायरीन को न हो कोई दिक्कत
जमात रज़ा-ए-मुस्तफा के पूर्व प्रवक्ता समरान खान ने कहा कि लाखों जायरीनों की सुविधा के लिए रेलवे स्टेशन पर ठंडे पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था, अतिरिक्त शौचालय, मेडिकल कैंप, लगातार उद्घोषणा प्रणाली और अस्थायी टिकट काउंटर स्थापित किए जाने चाहिए, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। प्रतिनिधिमंडल ने ट्रेनों के प्रत्येक कोच में सीसीटीवी निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि वर्तमान समय में रेल यात्राओं के दौरान सुरक्षा से जुड़े मामलों को देखते हुए उर्स के दौरान विशेष सतर्कता बरतना आवश्यक है। रेलवे अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उर्स-ए-रज़वी के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और सुविधाओं के लिए हरसंभव आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
6 अगस्त को होगी परचम कुशाई
उर्स-ए-रज़वी का आगाज 6।अगस्त 2026 को शाम 5 बजे बरेली के इस्लामिया मैदान स्थित रज़ा गेट पर पारंपरिक परचम कुशाई की रस्म के साथ होगा। यह रस्म दरगाह प्रमुख हज़रत मौलाना सुब्हान रज़ा खान (सुब्हानी मियां) तथा सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रज़ा कादरी (अहसन मियां) की मौजूदगी में अदा की जाएगी। इस अवसर पर देश-विदेश से आए उलेमा और लाखों अकीदतमंद भी शामिल होंगे।
8 अगस्त को कुल शरीफ के साथ होगा समापन
तीन दिवसीय उर्स का समापन 8 अगस्त 2026 को दोपहर 2 बजकर 38 मिनट पर कुल शरीफ की रस्म के साथ होगा। उर्स के सफल आयोजन के लिए दरगाह आला हज़रत, उर्स कोर कमेटी और स्वयंसेवकों की टीम तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटी हुई है। प्रतिनिधिमंडल में डॉ. मेहंदी हसन, यासीन खान, समरान खान, ताबिश, साकिब, हाफिज इकराम रज़ा खान, मोईन खान, कौसर अली, और अब्दुल्लाह रज़ा खान सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।
