बरेली : यूपी के बरेली देहात के मीरगंज थाना क्षेत्र के गांव ठिरिया खुर्द में जन्मदिन की दावत में शामिल होने गए एक रिटायर्ड फौजी का कोई सुराग नहीं लग सका। उनकी बाइक, चप्पल और मोबाइल फोन गोरा हेमराजपुर के पास सड़क किनारे नदी के पास पड़े मिले। आशंका जताई जा रही है कि वे रामगंगा नदी में डूब गए। मगर, अभी कुछ भी कहना मुश्किल है।।जानकारी के अनुसार, सिरौली थाना क्षेत्र के गुलड़िया गौरीशंकर निवासी पूर्व फौजी प्रेमपाल रविवार रात बाइक से अपने मामा उमराय के घर ठिरिया खुर्द जन्मदिन की दावत में शामिल हुए थे। भोजन के बाद वे घर लौटे नहीं। परिजनों ने रातभर कॉल की, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ।
कटी सड़क के पास मिली चप्पल, बाइक और मोबाइल
सोमवार सुबह करीब साढ़े छह बजे ग्रामीणों ने कटी हुई सड़क के पास खेतों की ओर जाते समय उनकी बाइक, चप्पल और मोबाइल फोन देखा। फोन की घंटी बज रही थी। कॉल रिसीव करने पर पता चला कि यह मोबाइल प्रेमपाल का है। सूचना मिलते ही परिजन और पुलिस मौके पर पहुंचे।
नदी में गोताखोरों की मदद से तलाश शुरू
स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी में तलाश शुरू कराई गई, लेकिन अब तक उनका कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस का मानना है कि अंधेरे में कटे सड़क मार्ग से गुजरते समय वाहन नदी में गिर गया होगा और वे बह गए होंगे। प्रेमपाल वर्तमान में स्टेट बैंक रामनगर में गार्ड के पद पर कार्यरत थे। उनकी पत्नी रामवती का रो-रोकर हाल बेहाल है। परिवार में दो बेटे और दो बेटियां हैं, जिनकी शादी हो चुकी है।
एक महीने पहले कट गई थी सड़क
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क कटान की वजह से यह हादसा हुआ। एक महीने पहले रामगंगा की बाढ़ से सड़क कट गई थी। पीडब्ल्यूडी ने दीवार लगाकर रास्ता बंद किया था, लेकिन लोगों ने दीवार तोड़कर आवागमन जारी रखा। इसी तरह मीरगंज–सिरौली मार्ग पर भी कैलाश गिरी घाट के पास सड़क नदी में समा चुकी है, जहां लोग जान जोखिम में डालकर आते-जाते हैं।
