बरेली: आईपीएल मैचों के दौरान चल रहे ऑनलाइन सट्टेबाजी के एक बड़े नेटवर्क का फरीदपुर पुलिस ने खुलासा किया है। रोडवेज बस स्टैंड के पास लंबे समय से चल रहे इस अवैध खेल पर पुलिस ने अचानक छापेमारी की, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई और तीन आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए, जबकि एक आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ गया। पकड़े गए आरोपी के पास से नकदी, मोबाइल फोन, कई बैंक दस्तावेज और फर्जी पहचान पत्र बरामद हुए हैं। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच में जुट गई है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई
पुलिस को सूचना मिली थी कि रोडवेज बस स्टैंड के पास कुछ लोग आईपीएल मैचों पर हार-जीत की बाजियां लगवाकर ऑनलाइन सट्टेबाजी चला रहे हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम मौके पर पहुंची और इलाके को घेर लिया। जैसे ही पुलिस ने दबिश दी, वहां मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई ।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान और चौंकाने वाली बरामदगी
गिरफ्तार आरोपी की पहचान फरीदपुर के मोहल्ला कानूनगोयान निवासी 32 वर्षीय ओमेन्द्र के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके पास से 10,000 रूपये नकद, एक आईफोन, नेपाली सिम कार्ड, छह एटीएम कार्ड, पांच बैंक पासबुक, तीन चेकबुक, दो आधार कार्ड और दो फर्जी पैन कार्ड बरामद किए गए। इन बरामद दस्तावेजों से पुलिस को शक है कि सट्टेबाजी के इस पूरे खेल में फर्जी पहचान और कई बैंक खातों का इस्तेमाल किया जा रहा था।
फर्जी दस्तावेजों और बैंक खातों से चल रहा था पूरा खेल
जांच में सामने आया है कि यह नेटवर्क केवल स्थानीय स्तर तक सीमित नहीं था, बल्कि इसमें अलग-अलग बैंक खातों और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर ऑनलाइन सट्टेबाजी को संचालित किया जा रहा था। पुलिस को संदेह है कि इस पूरे रैकेट में कई और लोग भी शामिल हैं, जो फरार आरोपियों के जरिए इस अवैध कारोबार को आगे बढ़ा रहे थे।
पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस, फरार आरोपियों की तलाश तेज
पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। साथ ही बरामद मोबाइल फोन, बैंक खातों और दस्तावेजों की गहराई से जांच की जा रही है, ताकि इस पूरे सट्टेबाजी नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ा जा सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे गिरोह का पर्दाफाश कर बाकी आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।
