CEIR पोर्टल और साइबर टीम की मदद से दिसंबर में बड़ी रिकवरी, SSP ने पुलिसकर्मियों को किया सम्मानित
बरेली : यूपी की बरेली पुलिस ने एक बार फिर साबित किया है कि आधुनिक तकनीक और ईमानदार प्रयासों के ज़रिए आम जनता की समस्याओं का समाधान संभव है। जिन लोगों के मोबाइल फोन गुम या चोरी हो गए थे, उनके लिए यह खबर किसी बड़ी राहत से कम नहीं है।बरेली पुलिस ने कुल 481 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद कर उनके असली मालिकों को सौंप दिए। उनकी अनुमानित कीमत करीब 85 लाख रुपये बताई जा रही है। बरेली पुलिस द्वारा हर महीने गुम हुए मोबाइल फोनों की बरामदगी के लिए विशेष अभियान चलाया जाता है, ताकि नागरिकों को उनका खोया हुआ सामान वापस मिल सके और पुलिस पर जनता का भरोसा और मजबूत हो। दिसंबर माह में यह अभियान विशेष रूप से सफल रहा।
गुम मोबाइल वालों के चेहरे पर लौटी मुस्कान

साइबर टीम, जनपदीय सर्विलांस सेल और विभिन्न थानों पर तैनात कंप्यूटर ऑपरेटरों की संयुक्त टीम ने CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल और अन्य आधुनिक तकनीकी संसाधनों की मदद से लगातार प्रयास किए। इसी मेहनत का नतीजा रहा कि सैकड़ों मोबाइल फोन को ट्रेस कर बरामद किया जा सका।
बरेली पुलिस ने जीता भरोसा
बरामद किए गए सभी मोबाइल फोन एक कार्यक्रम के दौरान उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे गए। अपने खोए हुए मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी। मोबाइल धारकों ने इस सराहनीय पहल के लिए बरेली पुलिस का आभार जताया और इसे आम जनता के लिए बड़ी राहत बताया।
पुलिस कर्मियों को मिला सम्मान
इस उल्लेखनीय कार्य के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बरेली ने मोबाइल बरामदगी अभियान में अहम भूमिका निभाने वाले पुलिसकर्मियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह का सम्मान पुलिसकर्मियों का मनोबल बढ़ाता है और उन्हें आगे भी पूरी निष्ठा के साथ जनसेवा के लिए प्रेरित करता है।
एक साल में मिले 3132 गुमशुदा मोबाइल

अगर पूरे साल की बात करें, तो वर्ष 2025 में बरेली पुलिस ने कुल 3,132 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 6 करोड़ रुपये आंकी गई है। यह आंकड़ा इस बात का प्रमाण है कि बरेली पुलिस तकनीक का सही और प्रभावी इस्तेमाल कर आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान की दिशा में लगातार काम कर रही है। बरेली पुलिस ने जनता को भरोसा दिलाया है कि गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा, ताकि लोगों को समय पर न्याय और राहत मिलती रहे।
