बकरा बेचने दिल्ली जा रहे थे एटा के पशु व्यापारी, दो हादसों ने उजाड़ दिया पूरा परिवार
लखनऊ/अलीगढ़/एटा : यूपी के अलीगढ़ जिले में रविवार को दो भीषण सड़क हादसों ने एक ही परिवार से चार जिंदगियों को छीन लिया। मृतक एटा जिले के मारहरा कस्बे के निवासी थे, जो ईद से पहले दिल्ली जाकर बकरा बेचने के इरादे से निकले थे। लेकिन रास्ते में उनका सपना, एक के बाद एक हुई दो भीषण दुर्घटनाओं में हमेशा के लिए टूट गया। हादसों में पिता-पुत्र समेत चार लोगों की मौत हो गई, जबकि छह अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों का इलाज जेएन मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।
पहला हादसा,बकरों से भरा कैंटर डिवाइडर से टकराया, तीन की मौके पर मौत
घटना गभाना थाना क्षेत्र के दिल्ली-कानपुर हाईवे पर सुबह करीब 4 बजे हुई। एटा से दिल्ली जा रहा बकरों से लदा एक कैंटर अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गया। हादसा इतना भीषण था कि गाड़ी में सवार हजारीलाल (52 वर्ष), उनके बेटे हरिश्चंद्र (28 वर्ष) और भतीजे अमर सिंह (25 वर्ष) की मौके पर ही मौत हो गई। सभी मारहरा के ही रहने वाले थे। हादसे के बाद हाइवे पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी और बचाव कार्य में मदद की।
दूसरा हादसे में पीछे से आ रही टीम की ट्रॉली में कैंटर ने मारी टक्कर, एक और की गई जान
पहली दुर्घटना की सूचना मिलने पर कुछ दूरी पर खड़ी दूसरी टीम, जिनकी गाड़ी की सीएनजी खत्म हो गई थी, ट्रैक्टर-ट्रॉली से मौके की ओर लौट रही थी। रास्ते में अचानक एक तेज रफ्तार कैंटर ने उनकी ट्रॉली को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में रवेंद्र (22 वर्ष) की मौके पर ही मौत हो गई और कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
पोस्टमार्टम हाउस में मातम, बेसुध हुई महिलाएं
चार लोगों की एक साथ मौत की खबर जैसे ही एटा के मारहरा कस्बे में पहुंची, गांव में कोहराम मच गया। परिजन जैसे-तैसे अलीगढ़ पहुंचे। पोस्टमार्टम हाउस पर शवों को देखकर कई महिलाएं रो-रोकर बेसुध हो गईं। कुछ को बेहोशी की हालत में अस्पताल ले जाया गया, फिर एटा भेजा गया।
कैंटर जब्त, जांच जारी
हादसे की पुष्टि करते हुए एसपी सिटी मृगांक शेखर पाठक ने मीडिया को बताया कि दोनों घटनाओं में चार लोगों की मौत हुई है और छह लोग घायल हैं। हादसे के लिए जिम्मेदार कैंटर को जब्त कर लिया गया है। सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। हादसे की विस्तृत जांच जारी है।
परिजनों की सफाई, बकरा बेचने नहीं, रिश्तेदारी में जा रहे थे
मृतकों के परिजन धर्मेंद्र ने दावा किया कि परिवार के लोग बकरा बेचने नहीं, बल्कि रिश्तेदारी में किसी जरूरी काम से दिल्ली जा रहे थे। उन्होंने यह भी कहा कि हादसे का कारण पूरी तरह से अनियंत्रित वाहन था, न कि कोई लापरवाही या व्यवसायिक यात्रा।
क्षेत्र में शोक की लहर, प्रशासन भी सकते में
मारहरा कस्बे और आसपास के क्षेत्र में इस हादसे की खबर से शोक की लहर फैल गई है। चार लोगों की एक साथ मौत ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। स्थानीय प्रशासन ने पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है।
