लखनऊ : उत्तर प्रदेश पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के पहले दिन लाखों अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। प्रदेशभर के 75 जिलों में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। हालांकि परीक्षा में गड़बड़ी फैलाने की कोशिश करने वाले कुछ लोगों पर पुलिस ने कार्रवाई भी की है। पहले दिन दो अभ्यर्थियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि एक को हिरासत में लिया गया है। इसके अलावा सोशल मीडिया और टेलीग्राम पर भ्रामक गतिविधियां चलाने वालों के खिलाफ भी मुकदमे दर्ज किए गए हैं।
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की ओर से 32 हजार 679 सिपाही नागरिक पुलिस और समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती के लिए लिखित परीक्षा आयोजित की जा रही है। पहले दिन परीक्षा प्रदेश के सभी 75 जिलों में बनाए गए 1183 परीक्षा केंद्रों पर दो पालियों में संपन्न हुई। भर्ती बोर्ड के अध्यक्ष और डीजी एसबी शिरडकर के अनुसार पहले दिन दोनों पालियों में कुल 9 लाख 62 हजार 832 अभ्यर्थियों को परीक्षा के लिए बुलाया गया था। इनमें से 7 लाख 23 हजार 540 अभ्यर्थियों ने परीक्षा में भाग लिया। इस प्रकार परीक्षा में उपस्थिति लगभग 75.15 प्रतिशत रही, जबकि 24.85 प्रतिशत अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुए।
परीक्षा को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। सभी परीक्षा केंद्रों पर निगरानी बढ़ाई गई थी और संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही थी। भर्ती बोर्ड ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और परीक्षा केंद्रों पर होने वाली गतिविधियों की भी लगातार मॉनिटरिंग की। इसी दौरान हापुड़ के पिलखुआ स्थित सर्वोदय इंटर कॉलेज में एक अभ्यर्थी सचिन को मोबाइल फोन के साथ पकड़ा गया। बताया गया कि वह वॉशरूम जाने के बाद वापस आने में देर कर रहा था, जिस पर संदेह होने के बाद उसकी जांच की गई। तलाशी में मोबाइल फोन मिलने पर उसके खिलाफ थाना पिलखुआ में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
वहीं गोरखपुर के नीना थापा इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र में बिहार निवासी अभ्यर्थी राम प्रकाश कुमार को परीक्षा कक्ष में मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया। पुलिस ने उसे मौके पर गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। आजमगढ़ में भी एक अभ्यर्थी के खिलाफ कार्रवाई की गई। इंस्टाग्राम यूजर आशुतोष कुमार मौर्य के विरुद्ध बिलरियागंज थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। उसे हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इसके अलावा भर्ती परीक्षा से जुड़ी भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करने वालों पर भी शिकंजा कसा गया है। शनिवार को टेलीग्राम चैनल “यूपीपी एग्जाम पेपर” के खिलाफ लखनऊ के हुसैनगंज थाने में एफआईआर दर्ज की गई। वहीं सोमवार को इंस्टाग्राम आईडी “up_police_leak” के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराया गया।
भर्ती बोर्ड ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि परीक्षा में किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि, नकल, पेपर लीक की अफवाह या अनुचित साधनों के प्रयोग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा का पहला दिन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गया है। भर्ती बोर्ड ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह या भ्रामक संदेश से बचें और पूरी ईमानदारी के साथ परीक्षा में शामिल हों। अब सभी की नजर अगले चरण की परीक्षाओं पर बनी हुई है।
