खाद की किल्लत पर फूटा गुस्सा, सपा ने भी किया विरोध-प्रदर्शन
बहराइच/लखनऊ : खाद की किल्लत से जूझ रहे किसानों का दर्द आखिरकार भारतीय जनता पार्टी के किसान मोर्चा अध्यक्ष जितेन्द्र प्रताप सिंह उर्फ जीतू को भारी पड़ गया। गुरुवार को प्रेसवार्ता कर उन्होंने भाजपा की प्राथमिक सदस्यता और अध्यक्ष पद से इस्तीफ़ा दे दिया। उन्होंने कहा “किसान दर-दर भटक रहा है, खाद लेने जाता है ल, तो उस पर लाठियां बरसाई जाती हैं। किसानों का सौ करोड़ से अधिक का भुगतान चीनी मिलों से रुका है। ऐसे हालात में मुझे पद पर बने रहने का कोई हक़ नहीं।” उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों की पीड़ा देखकर कई दिनों से वह सो नहीं पा रहे थे और अंत में इस्तीफा देना ही नैतिक कदम समझा।
सपाइयों ने किया प्रदर्शन
खाद संकट को लेकर समाजवादी पार्टी ने भी विरोध-प्रदर्शन किया। सपा नेताओं ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। सपा प्रवक्ता तारिक ने कहा, “कृषि मंत्री दावा कर रहे हैं कि कहीं खाद की कमी नहीं है, जबकि हक़ीक़त यह है कि खरीद केंद्रों पर पुरुष और महिलाएं घंटों लाइन में खड़े हैं और खाद फिर भी नहीं मिल रही।”
सरकार की कथनी-करनी पर सवाल
किसान संगठनों और विपक्ष का आरोप है कि सरकार के दावों और ज़मीनी हालात में भारी अंतर है। किसानों की बढ़ती नाराज़गी ने प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज़ कर दी है।
