बिहार : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को अररिया में एक जनसभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय जनता दल (RJD) पर फिर से “जंगलराज” का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 1990 से 2005 तक के 15 वर्षों में RJD की सरकार ने बिहार का विकास पूरी तरह ठप्प कर दिया। इस दौरान सिर्फ लूट-खसोट हुई और आम जनता को कोई लाभ नहीं मिला। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि उन 15 वर्षों में बिहार में कितने एक्सप्रेसवे बने? शून्य। कोसी नदी पर कितने पुल बने? शून्य। पर्यटन सर्किट कितने विकसित हुए? शून्य। खेल परिसर, मेडिकल कॉलेज, IIT, IIM – कुछ भी नहीं बना। मोदी ने इसे ‘निल बटे सन्नाटा’ करार दिया और कहा कि यही जंगलराज की असली तस्वीर है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जंगलराज चलाने वाले खुद को जनता का “माई-बाप” और शहंशाह समझते थे, लेकिन उनके लिए जनता सर्वोपरि नहीं थी। उन्होंने कहा, “मैं अलग हूं, मेरे माई-बाप जनता-जनार्दन हैं। आप ही मेरे मालिक हैं, आप ही मेरा रिमोट कंट्रोल हैं।”
इसके साथ ही मोदी ने बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में मतदान के महत्व पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज का मतदान लोकतंत्र का उत्सव है। सुबह से ही मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें लगी हैं, माताएं, बहनें और बेटियां बड़ी संख्या में वोट डाल रही हैं और नौजवानों में भी अभूतपूर्व उत्साह है। उन्होंने सभी मतदाताओं से अपील की कि वे जरूर मतदान करें।
प्रधानमंत्री ने एनडीए की जीत पर भरोसा जताते हुए कहा, “पूरे बिहार से एक ही आवाज आ रही है, ‘फिर एक बार NDA सरकार, फिर एक बार सुशासन की सरकार।’ इस भावना के पीछे माताओं-बहनों की उम्मीदें और नौजवानों के सपने हैं। नौजवानों याद रखो, तुम्हारा सपना ही मेरा संकल्प है।”
