बिहार : उत्तर प्रदेश की योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री और सुभासपा प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने बिहार की राजनीति में बड़ा दांव खेलने का ऐलान किया है। खबर है कि उन्होंने NDA से अलग होकर बिहार विधानसभा चुनाव अपने दम पर लड़ने की तैयारी शुरू कर दी है।
दरअसल, बिहार में NDA की ओर से एक भी सीट न मिलने से नाराज़ राजभर ने सोमवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि सुभासपा बिहार की 153 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। उन्होंने साफ किया कि अब पार्टी राज्य में स्वतंत्र रूप से मैदान में उतरेगी।
इसी बीच सुभासपा के राष्ट्रीय महासचिव अरविंद राजभर ने भी बलिया में मीडिया से बातचीत में कहा कि मंगलवार को पटना में प्रत्याशियों की घोषणा की जाएगी। उन्होंने बताया कि झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) और तेज प्रताप यादव के दल से बातचीत जारी है और अंतिम फैसला आज रात तक होने की संभावना है।
जानकारी के मुताबिक, सीट बंटवारे को लेकर अलग-अलग पड़ने के बाद राजभर ने रविवार को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक से मुलाकात की थी। यह मुलाकात उनके बीमारी के बाद पहली बार हुई थी। बताया जा रहा है कि ब्रजेश पाठक भाजपा और राजभर के बीच समन्वयक की भूमिका निभा रहे हैं, लेकिन इस बार बात नहीं बन पाई, जिसके बाद राजभर ने बागी रुख अपना लिया।
राजभर ने ANI से बातचीत में कहा, “बिहार में प्रजापति, राजभर, राजबंशी जैसी जातियों की संख्या 20 हजार से लेकर 80 हजार तक है, लेकिन सभी पार्टियां इन वोटों को अपनी मानती हैं। ऐसे में हमने फैसला लिया है कि हम अपना मोर्चा बनाकर चुनाव लड़ेंगे।”
राजभर ने यह भी कहा कि जब बिहार में उपचुनाव हुए थे, तब भाजपा के नेता उनकी मदद मांग रहे थे। “अब जब विधानसभा चुनाव आया है तो उन्होंने गठबंधन धर्म निभाने से इनकार कर दिया।”
उन्होंने अंत में कहा, “हम गठबंधन धर्म का पालन करने के लिए तैयार हैं, लेकिन अगर हमें अपने साथ रखना है तो 4-5 सीटें दे दी जाएं। अन्यथा हम बिहार की 153 सीटों पर अपने दम पर चुनाव लड़ेंगे।”
