सीबीगंज क्षेत्र की युवती ने प्रेम विवाह के बाद लगाए गंभीर आरोप, कमरे में बंद रखने और जान से मारने की धमकी देने का दावा; एसएसपी से शिकायत कर कार्रवाई की मांग
बरेली: सीबीगंज थाना क्षेत्र की रहने वाली एक युवती ने प्रेम विवाह के बाद उसके साथ कथित रूप से जबरन धर्म परिवर्तन कराने, कमरे में बंधक बनाकर रखने, दुष्कर्म और मारपीट किए जाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। युवती का दावा है कि विरोध करने पर उसे जान से मारने की धमकी दी गई। उसने यह भी आरोप लगाया कि पेट पर लात-घूंसों से हमला किए जाने के बाद उसके गर्भ में पल रहे भ्रूण की मौत हो गई और उसका गर्भपात हो गया। पीड़िता ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
प्रेम विवाह के बाद धर्म परिवर्तन का दबाव डालने का आरोप
एसएसपी को दिए गए प्रार्थना पत्र के मुताबिक, सीबीगंज थाना क्षेत्र के अटा कायस्थान गांव की युवती ने वीरपुर उर्फ कासमनगर निवासी अमित के साथ प्रेम विवाह किया था। युवती का आरोप है कि शादी के बाद अमित उसे गांव के एक मकान में ले गया, जहां हिमांशु पटेल नामक व्यक्ति भी उसके साथ आया। आरोप है कि वहां युवती पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाया गया। विरोध करने पर कथित रूप से उसका जबरन धर्म परिवर्तन कराया गया और उसे कमरे में बंद कर दिया गया।
भाई से जबरन संबंध बनाने के दबाव का आरोप
युवती ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि अमित ने उसके भाई सुमित के साथ जबरन संबंध बनाने के लिए भी दबाव बनाया। युवती ने इसका विरोध किया तो उसके साथ मारपीट की गई और लगातार दबाव बनाया जाता रहा। पीड़िता के मुताबिक, उसके इनकार करने के बाद उसके साथ कथित तौर पर और अधिक ज्यादती की गई।
20 जुलाई को दुष्कर्म का आरोप
शिकायत के अनुसार, 20 जुलाई 2026 को युवती कमरे में अकेली थी। इसी दौरान सुमित, राजेंद्र और अरुण वहां पहुंचे। युवती का आरोप है कि आरोपियों ने उसके साथ जबरदस्ती की और दुष्कर्म किया। पीड़िता ने आरोप लगाया कि इसके बाद भी उसे कमरे में बंधक बनाकर रखा गया और कई बार उसके साथ जबरदस्ती की गई। शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दिए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
पेट पर लात मारने से गर्भपात का दावा
युवती के मुताबिक, 8 अगस्त 2026 को राजेंद्र और अमित ने उसके पेट पर लात मारकर उसके साथ मारपीट की। पीड़िता का दावा है कि इस घटना के बाद उसके पेट में पल रहे भ्रूण की मौत हो गई और उसका गर्भपात हो गया। युवती का आरोप है कि दर्द बढ़ने पर अमित ने उसे दवा दी, जिससे कुछ समय के लिए उसे राहत मिली।
10 अगस्त को किसी तरह घर पहुंची युवती
पीड़िता ने बताया कि 10 अगस्त 2026 को वह किसी तरह आरोपियों के चंगुल से निकलकर अपने घर पहुंची। इसके बाद उसने परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी। युवती का आरोप है कि उसने थाने में शिकायत की, लेकिन अभी तक मामले में प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उसने एसएसपी से शिकायत कर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस जांच के बाद स्पष्ट होगी आरोपों की सच्चाई
मामले में लगाए गए आरोप बेहद गंभीर हैं। पुलिस जांच के दौरान पीड़िता के बयान, चिकित्सकीय परीक्षण, उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर आरोपों की सत्यता सामने आ सकेगी। एसएसपी से शिकायत के बाद अब पुलिस की ओर से मामले में क्या कार्रवाई की जाती है, इस पर नजर बनी हुई है।
