बरेली: शहर के कैंट थाना क्षेत्र में खुद को पुलिसकर्मी बताकर एक मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (एमआर) को रोकने और अफीम तस्करी के मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर रुपये ऐंठने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने एमआर से 50 हजार रुपये की मांग की थी और तलाशी के दौरान मिले 5 हजार रुपये छीनकर फरार हो गए थे।पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
मिलिट्री अस्पताल के पास रोकी बाइक
पुलिस के अनुसार, इज्जतनगर की रजत विहार कॉलोनी निवासी पुष्पेंद्र एमआर बुधवार को बाइक से मिलिट्री अस्पताल के पास पहुंचे थे। इसी दौरान दो बाइक सवार युवकों ने उनकी बाइक रोक ली। आरोप है कि दोनों ने खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए बैग की तलाशी लेने की बात कही। पहचान पत्र दिखाने को कहने पर आरोपियों ने अपने दो अन्य साथियों को भी मौके पर बुला लिया।
लाल फाटक पुल के नीचे ले जाकर दी धमकी
आरोप है कि चारों लोग पुष्पेंद्र को लाल फाटक पुल के नीचे ले गए। वहां उन्होंने उसे अफीम तस्करी के मुकदमे में जेल भेजने की धमकी दी। कथित तौर पर आरोपियों ने 50 हजार रुपये देने का दबाव बनाया। तलाशी के दौरान पुष्पेंद्र के कपड़ों से 5 हजार रुपये मिले, जिन्हें आरोपी लेकर फरार हो गए।
शिकायत के बाद पुलिस ने चारों को दबोचा
इस घटना के बाद पीड़ित ने कैंट थाने पहुंचकर पुलिस को जानकारी दी। शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। पुलिस के मुताबिक, जांच के दौरान मिली जानकारी के आधार पर दबिश देकर कमल वर्मा, हेमंत, रोहित साहू और अभिषेक कश्यप को गिरफ्तार किया गया।
4,520 रुपये और चार मोबाइल बरामद
एसपी सिटी मानुष पारीक के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से लूटी गई रकम में से 4,520 रुपये और चार मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।आरोपियों की दो बाइक भी पुलिस ने सीज की हैं। पुलिस अब आरोपियों के आपराधिक इतिहास और इस तरह की अन्य घटनाओं में उनकी संभावित भूमिका की जांच कर रही है।
रात में घूमकर लोगों को निशाना बनाने का आरोप
पुलिस की प्रारंभिक जांच में आरोप है कि आरोपी रात के समय कैंट इलाके में घूमते थे और खुद को पुलिसकर्मी बताकर लोगों को रोकते थे। तलाशी और मुकदमे में फंसाने का डर दिखाकर रुपये वसूलने की बात भी जांच में सामने आई है। पुलिस इस गिरोह से जुड़ी अन्य घटनाओं और संभावित पीड़ितों की जानकारी जुटा रही है।
