बरेली : दीपावली की रात जहां पूरे जिले में खुशियों और रोशनी का माहौल था, तो वहीं दूसरी ओर आग की दो भयावह घटनाओं ने हड़कंप मचा दिया। फरीदपुर की एक सनमाइका फैक्ट्री और बहेड़ी की एक इलेक्ट्रॉनिक दुकान में लगी भीषण आग ने लाखों रुपये का सामान राख कर दिया। दमकल विभाग की टीमों को आग पर काबू पाने में पांच घंटे से ज्यादा का समय लगा। राहत की बात यह रही कि दोनों ही जगह कोई जनहानि नहीं हुई। बहेड़ी के मोहल्ला लोधीपुर में अंबिका भारद्वाज की ‘भारद्वाज इलेक्ट्रॉनिक’ नाम से दुकान है। दीपावली की शाम करीब 8 बजे अचानक दुकान से धुआं और तेज लपटें उठने लगीं। देखते ही देखते आग ने पूरे शोरूम को अपनी चपेट में ले लिया। अंदर रखे एलईडी टीवी, म्यूजिक सिस्टम, पंखे, स्पीकर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक आइटम जलकर राख हो गए। स्थानीय लोगों ने पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन वे नाकाम रहे। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने का कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं है, हालांकि प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है।
फरीदपुर की सनमाइका फैक्ट्री में आधी रात भड़की आग
सोमवार देर रात करीब 12 बजे फरीदपुर औद्योगिक क्षेत्र में स्थित एक सनमाइका फैक्ट्री से अचानक आग की लपटें उठीं। थोड़ी ही देर में आग ने पूरी फैक्ट्री को अपनी चपेट में ले लिया। आग इतनी भयानक थी कि आसपास के इलाकों में धुएं का गुबार और चीख-पुकार मच गई। फायर स्टेशन फरीदपुर से दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और फिर बरेली से भी अतिरिक्त फोर्स बुलानी पड़ी। करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। फैक्ट्री में रखी तैयार सनमाइका शीट्स, केमिकल, मशीनें और लकड़ी समेत लाखों का माल जलकर राख हो गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि फैक्ट्री में शॉर्ट सर्किट से आग लगी होगी, लेकिन फायर विभाग ने कारण की पुष्टि जांच रिपोर्ट आने के बाद करने की बात कही है।
दीपावली की रात धुएं और सायरन से गूंजा इलाका
रोशनी के इस पर्व पर जब पूरा शहर दीपों से जगमगा रहा था,तब फरीदपुर और बहेड़ी में दमकल के सायरन और धुएं के गुबार से वातावरण भारी हो गया। लोग घरों से बाहर निकल आए और कई इलाकों में बिजली भी एहतियातन काटनी पड़ी। पुलिस और प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर हालात को संभाला। दोनों ही घटनाओं ने इस बात की याद दिला दी कि “थोड़ी सी लापरवाही त्योहार की खुशी को त्रासदी में बदल सकती है।”
