फर्जी निकली लूट, पुलिस ने पति को किया गिरफ्तार
बरेली/बदायूं : उत्तराखंड के पूर्णागिरि मंदिर दर्शन से लौट रही महिला अमरवती की निर्मम हत्या का मामला अब पूरी तरह सुलझ गया है। जहां पहले इस वारदात को हाईवे लूट का रूप दिया गया था, तो वहीं अब बरेली पुलिस ने इस हत्या को सुनियोजित साजिश बताते हुए चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। पति ओमशरण ने ही अपनी पत्नी को मार डाला, वह भी दूसरी पत्नी के कहने पर, पुलिस ने आरोपी पुलिस को हिरासत में ले लिया है।
जानें कैसे हुआ खुलासा?

घटना के तुरंत बाद पुलिस को दिए बयान में ओमशरण ने कहा था कि कंठरी मंदिर के पास बदमाशों ने उनकी बाइक रोककर लूटपाट की और विरोध करने पर उसकी पत्नी अमरवती की चाकू से गोदकर हत्या कर दी। लेकिन एसएसपी अनुराग आर्य के नेतृत्व में गठित एसओजी, सर्विलांस और फोरेंसिक टीम ने जब तकनीकी विश्लेषण किया, तो सच्चाई सामने आ गई। घटनास्थल पर संघर्ष के कोई स्पष्ट निशान नहीं थे। इसके साथ ही न ही लूट का कोई प्रमाण मिला। मोबाइल लोकेशन और संदिग्ध बातचीतों ने केस को पलट दिया।
हत्या की वजह: प्रेम, लालच और दूसरी शादी

एसपी साउथ अंशिका वर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया को बताया कि पुलिस जांच में पता चला कि ओमशरण का एक महिला मन्नत से प्रेम संबंध था। उससे शादी कर ली थी। आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह अमरवती से पीछा छुड़ाना चाहता था। दूसरी पत्नी दबाव बना रही थी कि “पहली पत्नी को हटाओ, तभी शादी करूंगी”। इसी दबाव में ओमशरण ने अपनी पत्नी को रास्ते से हटाने की साजिश रची। “अमरवती को सुनसान जगह पर ले जाकर मैंने खुद चाकू से वार किए। बाद में खुद को घायल कर लूट का ड्रामा रचा।” यह कबूलनामा आरोपी पति ने पुलिस के समक्ष किया। इसके साथ ही खुद को घायल करने का भी नाटक किया।
पुलिस ने यह सामान किया बरामद

पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त चाकू, खून से सने कपड़े, 10,100 नकद, मोटरसाइकिल, एक मोबाइल फ़ोन, मृतका अमरवती के दो छोटे बच्चे हैं। इसमें एक बेटा, और एक बेटी। मां की मौत और पिता की गिरफ्तारी के बाद अब उनके भविष्य को लेकर परिजन बेहद चिंतित हैं।
एसएसपी अनुराग आर्य ने क्या कहा?

इस मामले में एसएसपी ने कहा कि “हत्या को लूट जैसा दिखाने की कोशिश की गई थी, लेकिन फोरेंसिक, मोबाइल लोकेशन और आरोपी के बयानों से साजिश का पर्दाफाश हो गया। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।”
