बरेली : यूपी के बरेली में पिछले वर्ष 26 सितंबर को हुए चर्चित बवाल मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। बहेड़ी थाना पुलिस ने बवाल में अवैध असलहा सप्लाई करने के आरोप में फरार चल रहे मुख्य आरोपी गफ्फार खां को उत्तराखंड के किच्छा इलाके से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था और पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी। पुलिस ने बुधवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के कई थानों में गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इंस्पेक्टर बहेड़ी ने “The justice Hindi” को बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
राजनीतिक दबाव बनाकर बचने की कोशिश का आरोप
पुलिस के अनुसार, 26 सितंबर बवाल मामले में अवैध हथियार सप्लाई करने को लेकर कुल छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इनमें से पांच आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था, जबकि गफ्फार खां लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था। जांच में सामने आया कि आरोपी अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर से नाम हटवाने के लिए राजनीतिक संपर्कों का इस्तेमाल कर रहा था। जब मामला नहीं बना, तो उसने खुद को फंसाए जाने का आरोप लगाना शुरू कर दिया था। इसके बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य के निर्देश पर पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए।
असलहा नेटवर्क का हुआ था खुलासा
पुलिस जांच के दौरान 19 फरवरी को शेरगढ़ तिराहा इलाके में घेराबंदी कर एक कार पकड़ी गई थी। कार से भारी मात्रा में पिस्तौल, और कारतूस बरामद किए गए थे। मौके से पुलिस ने तस्लीम और सोमू खान उर्फ औशाफ को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि बरामद पांच पिस्तौल और 38 कारतूस उत्तराखंड के किच्छा निवासी गफ्फार खां और समी खां को सप्लाई किए जाने थे। आरोपियों ने यह भी स्वीकार किया था कि बरेली बवाल में इस्तेमाल किए गए असलहे भी इसी नेटवर्क के जरिए उपलब्ध कराए गए थे।
पुलिस पूछताछ में कबूला अवैध कारोबार
पुलिस टीम ने बुधवार सुबह किच्छा-रुद्रपुर रोड स्थित प्रधान मार्केट के पास से गफ्फार खां को गिरफ्तार किया। थाने लाकर पूछताछ करने पर आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर अवैध असलहा बेचने के कारोबार में शामिल होने की बात स्वीकार की।पुलिस ने मेडिकल परीक्षण के बाद आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
10 मुकदमे पहले से दर्ज
बहेड़ी के सीओ अरुण कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ उत्तराखंड के किच्छा, पुलभट्टा और शीशगढ़ थानों में करीब 10 मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भी जांच कर रही है।
