बरेली : शहर में कमेटी (BC) के नाम पर चल रहे बड़े ठगी रैकेट का खुलासा हुआ है। आरोप है कि बालाजी बीसी ग्रुप चलाने वाले एक दंपती ने भरोसे और लालच का जाल बिछाकर करीब 70 लोगों से करोड़ों रुपये ऐंठ लिए, जब पीड़ितों ने अपनी जमा रकम वापस मांगनी शुरू की, तो उन्हें जान से मारने की धमकियां दी गईं। पीड़ितों में बड़ी संख्या महिलाओं और मध्यमवर्गीय परिवारों की है, जिन्होंने अपनी उम्रभर की कमाई इस कमेटी में लगा दी थी।।गुरुवार को एक दर्जन से अधिक पीड़ित महिलाएं सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव के कार्यालय पहुंचीं और कार्रवाई की मांग की। पीड़ितों ने बताया कि डॉली रानी और उसका पति विजय कुमार ने राजेंद्र नगर में कपड़ों की दुकान खोलकर विश्वास का माहौल तैयार किया। इसके बाद उन्होंने बालाजी बीसी ग्रुप के नाम से कमेटी चलाना शुरू किया। इस मामले में सीओ पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायत मिली है। इसकी जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। लोगों को उच्च मुनाफा और सुरक्षित निवेश का भरोसा दिलाया गया। कोई 10 हजार, तो कोई 30 हजार रुपये प्रतिमाह डालने लगा। धीरे-धीरे करीब 70 लोग इस कमेटी में शामिल हो गए। बताया जा रहा है कि दंपती ने करोड़ों रुपये जमा कर लिए।
पीड़ितों का दर्द
राजेंद्र नगर निवासी आशा रानी उर्फ गुड़िया ने बताया “हमने पति, बेटे और देवर के साथ मिलकर 19 लाख रुपये जमा किए थे। जब पैसे लौटाने की बारी आई, दुकान बंद कर दी। इज्जतनगर के घर चले गए। जब पैसे मांगे तो बोले-हमारे पास तुम्हारा कोई पैसा नहीं है… ज्यादा बोलोगे तो लाश भी नहीं मिलेगी।” नीम वाली मठिया के फैजी अली ने बताया “5 साल से कमेटी डाल रहा था। 18 लाख 30 हजार रुपये जब मांगे तो दंपती ने अपने साथियों के साथ मिलकर धमकाया कि अगर फिर आए तो जान से हाथ धो बैठोगे।”फैजी ने थाना इज्जतनगर में मुकदमा दर्ज कराया है।
तीन FIR पहले से दर्ज, आरोपी अब भी बाहर
पीड़ितों का कहना है कि तीन एफआईआर पहले ही दर्ज हो चुकी हैं। आरोपी फिर भी खुलेआम घूम रहे हैं, और अब पीड़ितों को डराने -धमकाने में लगे हैं। पीड़ितों का कहना है कि उनकी मेहनत की पूंजी, घर की बचत,और कई ने सोना गिरवी रखकर यह रकम जमा की थी। अब वे न्याय के लिए दर-दर भटक रहे हैं, और प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
