30 से अधिक बिल्डर्स, डेवलपर्स और LTPs ने रखीं परियोजना संबंधी समस्याएं, FASTPAS और ऑनलाइन मानचित्र स्वीकृति प्रक्रिया को आसान और समयबद्ध बनाने पर जोर
बरेली : बरेली विकास प्राधिकरण (BDA) ने बिल्डर्स, डेवलपर्स और लाइसेंस प्राप्त तकनीकी प्रोफेशनल्स (LTPs) के साथ ‘बीडीए विकास संवाद’ आयोजित किया। बैठक का उद्देश्य विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक दिक्कतों, ऑनलाइन मानचित्र स्वीकृति, वैधानिक अनुमतियों और जरूरी अनुपालनों से जुड़े मामलों पर सीधे संवाद कर समाधान तलाशना रहा। बैठक में 30 से अधिक बिल्डर्स, डेवलपर्स और LTPs ने हिस्सा लिया।
परियोजनाओं की समस्याओं पर सीधे हुआ संवाद

बैठक की अध्यक्षता BDA के उपाध्यक्ष ने की। इस दौरान प्रतिभागियों ने अपनी परियोजनाओं से जुड़ी प्रक्रियात्मक और व्यावहारिक समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं। संबंधित अधिकारियों ने विभिन्न मामलों में मौके पर ही आवश्यक मार्गदर्शन दिया। जिन प्रकरणों का तत्काल निस्तारण संभव नहीं था, उनमें नियमानुसार समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
FASTPAS और ऑनलाइन नक्शा स्वीकृति पर चर्चा
संवाद के दौरान FASTPAS के माध्यम से ऑनलाइन मानचित्र स्वीकृति से जुड़े मुद्दों पर विशेष चर्चा हुई। LTPs ने ऑनलाइन नक्शा प्रस्तुत करने, दस्तावेजों की पूर्ति और आपत्तियों के निस्तारण से जुड़ी व्यावहारिक समस्याएं रखीं। प्राधिकरण ने प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने पर जोर दिया।
RERA, Completion Certificate और NOC पर भी मंथन
बैठक में Completion/Occupation Certificate, RERA Registration, Internal Development Works, Compounding, Fire NOC और Air Force NOC समेत विभिन्न वैधानिक स्वीकृतियों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों ने परियोजनाओं में जरूरी वैधानिक अनुपालनों को समय से पूरा करने और स्वीकृत मानचित्र के अनुरूप ही निर्माण कराने पर जोर दिया।
बिना जरूरी मंजूरी के पजेशन न देने की हिदायत

प्राधिकरण की ओर से कहा गया कि परियोजना पूरी होने के बाद Completion Certificate की प्रक्रिया तत्काल शुरू की जाए। आवश्यक वैधानिक स्वीकृतियों और अनुपालनों के बिना कब्जा/पजेशन न देने तथा परियोजनाओं से संबंधित अभिलेखों को अद्यतन रखने पर भी जोर दिया गया।
‘संवाद से समाधान’ पर BDA का फोकस
BDA उपाध्यक्ष ने कहा कि स्टेकहोल्डर्स के साथ लगातार संवाद के जरिए प्रक्रियात्मक समस्याओं को समय रहते समझकर दूर किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि Ease of Doing Business, पारदर्शिता, जनभागीदारी और समयबद्ध निस्तारण के माध्यम से विकास परियोजनाओं के लिए बेहतर वातावरण तैयार करना प्राधिकरण की प्राथमिकता है। बैठक में यह भी कहा गया कि भविष्य में बिल्डर्स, डेवलपर्स और LTPs के साथ निरंतर संवाद बनाए रखा जाएगा, ताकि परियोजनाओं से जुड़ी समस्याओं का नियमानुसार त्वरित समाधान हो और बरेली में व्यवस्थित विकास को गति मिल सके।
