12 मामलों में पुलिस दाखिल कर चुकी है चार्जशीट, फास्ट ट्रैक कोर्ट ने लिया संज्ञान, हाईकोर्ट से भी नहीं मिली तौकीर रजा को जमानत
बरेली: 26 सितंबर, 2025 को बरेली में हुए चर्चित बवाल मामले में अब न्यायिक प्रक्रिया तेज हो गई है। शहर कोतवाली और बारादरी थानों में दर्ज दो प्रमुख मामलों की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी।अदालत ने दोनों मामलों का संज्ञान लेकर 21 जुलाई, 2026 को पहली गवाही की तारीख तय की है। इस दौरान विवेचक और दोनों मामलों के तत्कालीन थाना। प्रभारियों के बयान दर्ज किए जाएंगे। बवाल के मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा समेत कुल 12 मामलों में पुलिस चार्जशीट दाखिल कर चुकी है। अब पुलिस की मॉनीटरिंग सेल अदालत में इन मामलों की प्रभावी पैरवी कर रही है। पुलिस के अनुसार, चार्जशीट दाखिल होने के बाद ट्रायल की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
12 मामले, सैकड़ों आरोपी
बवाल के बाद प्रेमनगर, बारादरी, कोतवाली, कैंट और किला थानों में कुल 10 मुकदमे दर्ज किए गए थे। हालांकि, बाद में कोतवाली और बारादरी थाने में एक-एक अतिरिक्त मुकदमा दर्ज हुआ। कोतवाली के मामले में 25 नामजद और 1700 से अधिक अज्ञात, जबकि बारादरी के मामले में 30 नामजद और 250 से अधिक अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है। दोनों मामलों में मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा हैं।
तौकीर रजा अब भी जेल में
मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा फिलहाल फतेहगढ़ जेल में बंद हैं।उन्होंने जिला न्यायालय से लेकर हाईकोर्ट तक कई बार जमानत की अर्जी दाखिल की, लेकिन उन्हें अब तक राहत नहीं मिली। पिछले महीने इलाहाबाद हाईकोर्ट ने तौकीर रजा समेत 52 आरोपियों की जमानत याचिकाएं भी खारिज कर दी थीं।
पुलिस बोले- दमदारी से रखेंगे पक्ष
इन मामलों की विवेचना इंस्पेक्टर कैंट संजय धीर ने की थी। कुछ आरोपियों की गिरफ्तारी अभी बाकी होने के कारण कुछ विवेचनाएं लंबित हैं। सीओ प्रथम आशुतोष शिवम ने बताया कि बारादरी से संबंधित मौलाना तौकीर रजा व अन्य आरोपियों के मामले में ट्रायल शुरू हो चुका है, और 21 जुलाई को गैंगस्टर कोर्ट में सुनवाई निर्धारित है। उन्होंने कहा कि पुलिस अदालत में पूरी मजबूती के साथ अपना पक्ष रखेगी।
