बरेली : पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई कर “ऑपरेशन दहन” के तहत करीब 198.63 करोड़ रुपये कीमत के मादक पदार्थों को नष्ट किया है। 1 मार्च, 2026 से 7 जुलाई तक चले इस अभियान में जिले के अलग -अलग थानों में दर्ज 907 मामलों में जब्त 5914.690 किलोग्राम मादक पदार्थों का कानूनी प्रक्रिया के तहत विनिष्टीकरण कराया गया।पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में नशे के अवैध कारोबार पर बड़ी चोट माना जा रहा है।
पांच चरणों में चला ऑपरेशन दहन

बरेली पुलिस ने यह कार्रवाई पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर की। पूरे अभियान की निगरानी वरिष्ठ अधिकारियों के स्तर पर हुई और जिले में जब्त किए गए मादक पदार्थों को चरणबद्ध तरीके से नष्ट कराया गया। “ऑपरेशन दहन” के तहत यह काम पांच चरणों में पूरा किया गया। पहले चरण में 648.444 किलोग्राम मादक पदार्थ नष्ट किए गए। इसकी कीमत करीब 29.53 करोड़ रुपये बताई गई।दूसरे चरण में 1320.076 किलोग्राम मादक पदार्थों का विनिष्टीकरण हुआ। इसकी अनुमानित कीमत 31.02 करोड़ रुपये रही। इसके बाद तीसरे चरण में 649.817 किलोग्राम मादक पदार्थ नष्ट किए गए, जिनकी कीमत लगभग 20.48 करोड़ रुपये आंकी गई।
चौथे और पांचवें चरण में सबसे ज्यादा नशीला सामान नष्ट

अभियान के चौथे चरण में सबसे बड़ी कार्रवाई देखने को मिली। इस चरण में 2153.823 किलोग्राम मादक पदार्थ नष्ट किए गए। इसकी कीमत करीब 98.52 करोड़ रुपये बताई गई। इसके बाद पांचवें और अंतिम चरण में 1097.530 किलोग्राम मादक पदार्थों का विनिष्टीकरण किया गया। इसकी कीमत करीब 19.07 करोड़ रुपये रही। इस तरह पांचों चरणों को मिलाकर कुल 5914.690 किलोग्राम नशीले पदार्थ नष्ट किए गए। पुलिस के मुताबिक इनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 198,63,35,701 रुपये है। नष्ट किए गए मादक पदार्थों में गांजा, चरस, हेरोइन, मॉर्फीन, कोकीन, अफीम, डोडा/पोस्त समेत कई तरह के नशीले पदार्थ शामिल हैं।
नशा तस्करों के खिलाफ सख्त संदेश
बरेली पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई सिर्फ जब्त माल को नष्ट करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह नशा तस्करों को साफ संदेश भी है कि जिले में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस अभियान को एसएसपी अनुराग आर्य की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी ने पूरा कराया। कमेटी में एसपी नॉर्थ मुकेश चन्द्र मिश्र नोडल अधिकारी रहे, जबकि एसपी क्राइम मनीष चन्द्र सोनकर और सीओ क्राइम देवेश सिंह सदस्य के रूप में शामिल रहे। पुलिस ने जिले के लोगों से भी अपील की है कि अगर कहीं मादक पदार्थों की तस्करी या अवैध कारोबार की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।बरेली पुलिस का कहना है कि नशामुक्त और सुरक्षित समाज बनाने के लिए ऐसे अभियान आगे भी लगातार चलाए जाएंगे।
