मथुरा : हाईवे क्षेत्र स्थित महोली गांव में गुरुवार को पुरानी रंजिश को लेकर दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों ओर से जमकर ईंट-पत्थर चले और खुलेआम अवैध हथियारों से फायरिंग की गई। घटना से गांव में अफरा-तफरी मच गई और परिक्रमार्थियों समेत ग्रामीणों में दहशत फैल गई। झगड़े में आधा दर्जन से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें कई को गोली लगी है। सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गया।
छह महीने पुरानी रंजिश बनी खूनी संघर्ष की वजह
जानकारी के अनुसार गांव निवासी गुड्डी प्रधान और चंद्रपाल के बीच करीब छह महीने पहले किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। उस समय ग्रामीणों ने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया था, लेकिन दोनों पक्षों के बीच तनाव बना रहा। बताया जा रहा है कि बुधवार को दोनों पक्षों में फिर कहासुनी हुई थी। इसके बाद गुरुवार को अधिक मास परिक्रमा के दौरान विवाद ने हिंसक रूप ले लिया।
सेवा शिविर और प्रसाद वितरण को लेकर शुरू हुआ बवाल
गुरुवार को चंद्रपाल पक्ष ने परिक्रमार्थियों के लिए प्याऊ और सेवा शिविर लगाया हुआ था। इसी दौरान गुड्डी प्रधान पक्ष के लोग भी केला और अन्य सामग्री वितरण करने पहुंच गए। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हुई, जो देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गई। दोनों ओर से जमकर पथराव हुआ और फिर फायरिंग शुरू हो गई। करीब आधे घंटे तक गांव में बवाल चलता रहा, जिससे भगदड़ जैसे हालात बन गए और लोग जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे।
फायरिंग में कई लोग घायल, दो की हालत गंभीर
घटना में चंद्रपाल पक्ष के रवि के पैर में और संजू के सीने में गोली लगी है। वहीं गुड्डी प्रधान पक्ष के हरिओम के सिर और सावित्री के हाथ में गोली लगी। गंभीर हालत में संजू और हरिओम को सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा चंद्रपाल पक्ष के राजू और मलखान सिंह तथा गुड्डी पक्ष के रिंकू और केदार का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ फायरिंग का वीडियो
घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में लोग खुलेआम हथियार लहराते और फायरिंग करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद इलाके में दहशत का माहौल है।
भारी पुलिस बल तैनात, आरोपियों की तलाश जारी
घटना की सूचना मिलते ही एसपी सिटी राजीव कुमार और सीओ अनिल कपरवान पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने गांव में अतिरिक्त फोर्स तैनात कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो और मौके से मिले साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
