खेलने के दौरान हुआ हादसा, अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
लखनऊ/मथुरा : उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। राया क्षेत्र के गांव तिरवाया में सोमवार शाम एक तीन वर्षीय मासूम बालक की बोरवेल में गिरकर दर्दनाक मौत हो गई। यह हादसा उस वक्त हुआ जब बच्चा अपने घर के आंगन में खेल रहा था। परिजनों और ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत कर बच्चे को बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। बताया जाता है कि गांव तिरवाया निवासी अनूप के घर के आंगन में एक सबमर्सिबल बोरवेल लगा था, जो कुछ समय पहले खराब हो गया था। अस्थायी तौर पर बोरवेल को एक बाल्टी से ढक दिया गया था। सोमवार शाम लगभग 6 बजे, अनूप का इकलौता बेटा रक्षक खेलते- खेलते उस बाल्टी पर चढ़ गया। अचानक बाल्टी का संतुलन बिगड़ा और वह 70 फीट गहरे बोरवेल में जा गिरा। जैसे ही घटना की जानकारी हुई, परिजनों और ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। आननफानन में बचाव कार्य शुरू किया गया। पुलिस टीम भी तुरंत मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से रस्सी व कांटे की मदद से बोरवेल में फंसे बच्चे को बाहर निकाला गया।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित

बच्चे को बेहोशी की हालत में तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।बताया गया कि बोरवेल में कुछ गहराई पर पानी भरा हुआ था, जिसमें डूबने से रक्षक अचेत हो गया था।
परिवार में मचा कोहराम
तीन वर्षीय रक्षक, अनूप का इकलौता बेटा था। उसकी एक छोटी बहन बसुंधरा, जिसकी उम्र महज दो वर्ष है, अब अकेली रह गई है। रक्षक की मौत से परिवार और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और घर में मातम का माहौल बना हुआ है।
