नई दिल्ली : विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री पर अंतरराष्ट्रीय दबाव के आगे झुकने का आरोप लगाते हुए उनकी तुलना पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के नेतृत्व से की। राहुल गांधी का यह बयान अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयान के बाद आया है। दरअसल, रिपब्लिकन पार्टी के सांसदों की एक बैठक में डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनसे मिलने आए थे और उन्होंने कहा था, “सर, क्या मैं आपसे मिल सकता हूं?” ट्रंप ने इस दौरान भारत पर लगाए गए भारी टैरिफ और रूस से तेल खरीद को लेकर भी टिप्पणी की थी।
ट्रंप ने कहा कि भारत अभी भी “बहुत ज्यादा टैरिफ” चुका रहा है और उसने रूस से तेल की खरीद “काफी हद तक कम” कर दी है। इसी बयान से जुड़ा एक वीडियो राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किया और कैप्शन लिखा,“फर्क समझो सरजी”।
राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर हमला बोलते हुए कहा कि वे दबाव के सामने टिक नहीं पाते। राहुल ने कहा, “मैं अब इन भाजपा-आरएसएस के लोगों को अच्छी तरह जानता हूं। थोड़ा सा दबाव डालो, थोड़ा सा धक्का दो और ये डर के मारे भाग जाते हैं।” उन्होंने आरोप लगाया कि जैसे ही ट्रंप की ओर से इशारा हुआ, प्रधानमंत्री मोदी ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और आत्मसमर्पण कर दिया। राहुल गांधी ने कहा, “नरेंद्र मोदी जी ने ‘जी हुजूर’ कहते हुए ट्रंप के इशारे का पालन किया।”
राहुल गांधी ने 1971 के युद्ध का जिक्र करते हुए मौजूदा हालात की तुलना की। उन्होंने कहा कि उस समय भारत पर अमेरिका का जबरदस्त दबाव था, यहां तक कि सातवां बेड़ा भी भेजा गया था, लेकिन तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने दबाव में झुकने से इनकार कर दिया था। राहुल ने कहा, “इंदिरा गांधी जी ने साफ कहा था मुझे जो करना है, मैं करूंगी। यही फर्क है।”
गौरतलब है कि डोनाल्ड ट्रंप ने भारतीय निर्यात पर कुल 50 फीसदी तक टैरिफ लगाने की घोषणा की है, जिसमें 25 फीसदी टैरिफ रूस से तेल खरीद को लेकर लगाया गया है। ट्रंप ने यह भी कहा कि भारत के साथ उनके संबंध अच्छे हैं, लेकिन टैरिफ और तेल खरीद को लेकर भारत अब भी उनकी नीतियों से खुश नहीं है। राहुल गांधी के इस बयान के बाद भारतीय राजनीति में एक बार फिर सियासी घमासान तेज हो गया है।
