अयोध्या: श्रीराम जन्मभूमि मंदिर पर पहली बार धर्मध्वज फहराने की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। मंदिर परिसर और पूरा शहर सुरक्षा और भव्य सजावट के बीच त्योहार जैसा दृश्य पेश कर रहा है। लगभग 1000 क्विंटल फूलों से मंदिर और आसपास का क्षेत्र सजाया जा रहा है। धर्मध्वज जन्मभूमि परिसर पहुंच चुका है और मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंदिर के 191 फीट ऊंचे शिखर पर धर्मध्वज फहराएंगे। इसे लेकर प्रशासन, ट्रस्ट और स्थानीय व्यवस्था पूरी तरह सक्रिय है।
5-लेयर सिक्योरिटी, हेलिकॉप्टर से निगरानी
कार्यक्रम से पहले अयोध्या को हाई अलर्ट पर रखा गया है। ATS और NSG कमांडो ने मंदिर क्षेत्र को घेर रखा है। SPG, CRPF और PAC तैनात हैं। हवाई निगरानी के लिए हेलिकॉप्टर लगातार उड़ान भर रहे हैं। 23 नवंबर की रात 11 बजे से अयोध्या की ओर जाने वाले ट्रक और भारी वाहन रोक दिए गए हैं। यह प्रतिबंध 26 नवंबर की आधी रात तक जारी रहेगा।
VIP गेस्ट और प्रशासनिक हलचल
आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने के लिए पहुंचेंगे। RSS प्रमुख मोहन भागवत भी अयोध्या पहुंच रहे हैं। कार्यक्रम में उन 100 दानदाताओं को आमंत्रित किया गया है जिन्होंने 2 करोड़ रुपये से अधिक मंदिर निर्माण में योगदान दिया था। हालांकि, चारों शंकराचार्यों को निमंत्रण नहीं भेजा गया, जिसे लेकर चर्चा तेज है।
स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं की एंट्री पर रोक
राम मंदिर ट्रस्ट ने अपील की है कि 25 नवंबर को आम श्रद्धालु मंदिर दर्शन के लिए न आएं। शहर में भीड़ रोकने के लिए स्थानीय निवासियों की एंट्री पर भी रोक लगा दी गई है। नगर निगम stray animals और स्ट्रीट डॉग्स को हटाने में जुटा है। आज सुबह ही 20 स्ट्रीट डॉग पकड़े गए।
राजनीतिक बयानबाज़ी भी तेज
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा “यह धर्मध्वजा करोड़ों राम भक्तों की तपस्या और बलिदान का प्रतीक है। प्रधानमंत्री मोदी का प्रण आज पूरा हो रहा है।” सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयान पर उन्होंने कहा “उनका मानसिक संतुलन बिगड़ गया है। ऐसी भाषा बर्दाश्त नहीं की जा सकती।”
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने इसे ऐतिहासिक अवसर बताते हुए कहा “22 जनवरी 2024 को मंदिर लोकार्पण के समय दुनिया ने सनातन संस्कृति का वैभव देखा था, और 25 नवंबर उस संकल्प का विस्तार होगा।” स्थानीय असंतोष भी सामने आया
अयोध्या से सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा “राम सबके हैं, लेकिन भाजपा ने धर्म का ठेका ले लिया है। हमें और यहां के लोगों को कार्यक्रम में नहीं बुलाया गया। यदि निमंत्रण मिलेगा तो हम नंगे पांव जाएंगे।”
