मुंबई : सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 200 अंक टूटकर 82,330 के स्तर पर बंद हुआ, तो वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 44 अंक की गिरावट के साथ 24,995 के स्तर पर बंद हुआ।
बैंकिंग और IT सेक्टर ने बाजार को खींचा नीचे
शुक्रवार की गिरावट में सबसे बड़ा योगदान बैंकिंग और IT शेयरों का रहा। HDFC Bank, ICICI Bank, Axis Bank जैसे दिग्गज बैंकों के शेयरों में 1-2% तक की गिरावट दर्ज की गई। IT सेक्टर की दिग्गज कंपनियों Infosys, TCS, और Wipro में भी बिकवाली देखने को मिली। विश्लेषकों के अनुसार, वैश्विक संकेतों में कमजोरी और विदेशी निवेशकों की सतर्कता ने बाजार पर नकारात्मक असर डाला है।
इन सेक्टर्स में दिखी मजबूती
हालांकि ऑटो, फार्मा और मेटल शेयरों में आंशिक खरीदारी देखने को मिली। Tata Motors, Dr. Reddy’s, Sun Pharma, और JSW Steel जैसे शेयरों ने कुछ हद तक बाजार को संभालने की कोशिश की।
विदेशी निवेशकों का रुख और वैश्विक संकेत रहे कमजोर
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिकी बाजारों में गिरावट, डॉलर इंडेक्स में मजबूती और एफआईआई की बिकवाली ने घरेलू बाजारों पर दबाव बनाया। इसके अलावा फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों पर सख्त रुख अपनाने की आशंका से भी निवेशकों में असमंजस देखा गया।
विशेषज्ञों ने दी सलाह
बाजार के विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले सप्ताह में बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे बुनियादी मजबूत कंपनियों में निवेश करें और अल्पकालिक ट्रेडिंग से बचें, खासकर तब जब वैश्विक और घरेलू संकेत अनिश्चित नजर आ रहे हों। आने वाले दिनों में कंपनियों के तिमाही नतीजे, एफआईआई गतिविधियां और वैश्विक बाजारों की चाल बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगी।
