बरेली : यूपी के बरेली में सोमवार को हत्या के मामले में ऐतिहासिक फैसला सुनाया गया है। विशेष न्यायाधीश पाक्सो कोर्ट-3 बरेली ने आरोपी शादाब निवासी रमजानपुर, थाना कादरचौक, जनपद बदायूं को आजीवन कारावास और 20,000 रूपये के अर्थ दंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न देने की स्थिति में उसे अतिरिक्त दो वर्ष का कारावास भुगतना होगा।
बहला फुसलाकर भगा ले जाने का था आरोप
यह मामला 4 सितंबर 2013 से शुरू होता है, जब शादाब ने नाबालिग लड़की को शादी का झांसा देकर बहला-फुसलाकर अपने साथ बरेली ले गया। उसने पीड़िता को थाना किला क्षेत्र के मोहल्ला स्वाले नगर स्थित एक किराए के मकान में रखा।24 सितंबर 2013 की रात, करीब 10 बजे आरोपी ने पीड़िता पर पेट्रोल छिड़क कर आग लगा दी। इस अमानवीय घटना के बाद मोहल्ले के युवक सरफराज की मदद से लड़की को गंभीर अवस्था में अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
किला थाने में दर्ज हुआ मुकदमा
इस जघन्य हत्याकांड का शहर के किला थाने में धारा 363, 366 और 302 IPC के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले की गहन विवेचना, पुख्ता साक्ष्य और अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने आरोपी शादाब को दोषी करार दिया। इसमें 10 गवाहों के बयानों, वैज्ञानिक साक्ष्यों और अन्य कानूनी तथ्यों के आधार पर विशेष न्यायाधीश ने यह कठोर निर्णय सुनाया। इसमें पुलिस अफसरों के साथ ही अभियोजन ने मुख्य भूमिका निभाई थी।
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