बरेली : यूपी के बरेली जिले के भोजीपुरा थाना क्षेत्र के जटऊ पट्टी गांव निवासी बालकिशन ने 07 अक्टूबर 2012 को भोजीपुरा थाना पुलिस से शिकायत की थी। उनका कहना था कि मैं सुबह 3 बजे गांव के पास नाले पर पानी पीने गया था। यहां पहले से घात लगाकर बैठे अभियुक्त रामपाल ने पुरानी रंजिश के चलते जान से मारने की नीयत से तेज धारदार हथियार से गर्दन पर वार कर दिया। जिसके चलते गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके परिजनों ने अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस घटना के आधार पर थाना भोजीपुरा पर अपराध संख्या 569/2012 के तहत धारा 307/506 भादवि में मुकदमा दर्ज किया गया था।
सात गवाह किए पेश
इस मामले में कोर्ट में सात गवाह पेश किए गए थे। इस प्रकरण में न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-04 बरेली ने आरोपी रामपाल को दोषी मानकर भारतीय दंड संहिता की धारा 307 में 07 वर्ष कठोर कारावास एवं 10,000 का अर्थदंड, तथा धारा 506 में 02 वर्ष के साधारण कारावास एवं 1,000 के जुर्माने से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में अभियुक्त को अतिरिक्त 01 माह का कारावास भुगतना होगा। सजा दिलाने में इन पुलिस और अभियोजन अधिकारियों का योगदान रहा हैं। इसमें सीओ एवं नोडल अधिकारी ऑपरेशन कन्विक्शन माणिक चंद्र मिश्रा, अभियोजन अधिकारी अमित श्रीवास्तव,तत्कालीन विवेचक, उपनिरीक्षक,थाना मंझगंवा सौरभ सिंह,भोजीपुरा थाने के अमित कुमार और राकेश सिंह की मुख्य भूमिका रही है।
