सपा प्रमुख बोले – किसान से लेकर बेटी तक असुरक्षित! भाजपा शासन को बताया सामंतवादी! पीडीए ही संविधान का रक्षक
लखनऊ : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सत्ता में आने के बाद अहंकार और दमनकारी नीति पर उतारू है। किसानों, नौजवानों और महिलाओं पर लगातार अत्याचार बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकार संवेदनहीन बनी हुई है।
किसानों के मुद्दे पर सीधा हमला
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सिर्फ उत्तर प्रदेश में ही नहीं, बल्कि उन राज्यों में भी किसानों का उत्पीड़न कर रही है, जहां उसकी सरकार है। उन्होंने कहा “किसानों की जमीन और फसल छीनने की साजिश हो रही है।”लखीमपुर खीरी और मध्य प्रदेश के ग्वालियर-गुना जैसे मामले इसका उदाहरण बताए गए। उन्होंने कहा कि भाजपा शासन में किसानों को सिर्फ वाहन से ही नहीं, बल्कि नीतियों से भी कुचला गया। भूपरिवर्तन, भूमि अधिग्रहण, कथित ‘काले कृषि कानून’ और किसानों पर हुए हमलों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा ने कृषक समाज का सम्मान छीना है।
महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकार पीड़ितों की आवाज दबाने में लगी है। उन्होंने कहा कि “भाजपाई मानसिकता में स्त्री सम्मान का कोई स्थान नहीं है।”पीड़ित महिलाएं समय-समय पर सच्चाई समाज के सामने रखकर सरकार की पोल खोल रही हैं।
संविधान और बाबा साहेब की विरासत पर खतरा?
पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा संविधान को कमजोर करने का प्रयास कर रही है। बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर के विचारों से नफरत करती है, और सत्ता को सामंतवादी तरीके से चलाना चाहती है। उन्होंने कहा कि पीडीए गठबंधन संविधान और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए वचनबद्ध है। अखिलेश ने दोहराया “संविधान हमारी ढाल है। संविधान ही संजीवनी है।”
2027 चुनाव को लेकर बड़ा बयान
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने विश्वास जताया कि 2027 में प्रदेश की जनता भाजपा को सत्ता से हटाकर ‘अहंकार और अन्याय’ का अंत करेगी। उन्होंने कहा कि भाजपा हटेगी तभी किसानों का सम्मान बचेगा,बहनों-बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी,और युवाओं को भविष्य मिलेगा।
