महोबा: देर रात एक हृदयविदारक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। शादी समारोह में मजदूरी कर घर लौट रहीं पांच महिला मजदूरों को तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने पीछे से कुचल दिया। इस दर्दनाक हादसे में तीन महिलाओं की मौके पर ही या इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि दो महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। घटना के बाद मृतकों के परिवारों में कोहराम मच गया है।
हाईवे पर पैदल लौट रहीं थीं महिलाएं, पिकअप बनी काल
जानकारी के अनुसार, महोबा शहर के विभिन्न मोहल्लों की रहने वाली महिलाएं कानपुर–सागर राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित मीना पैलेस में आयोजित एक वैवाहिक कार्यक्रम में खाना बनाने का काम करके लौट रही थीं। मृतकों में कल्याण सागर निवासी भगवती (50), डाकबंगला निवासी गीता (35) और भटीपुरा निवासी श्यामारानी (40) शामिल हैं। रात करीब ढाई बजे सभी महिलाएं पैदल अपने घरों की ओर जा रही थीं। जैसे ही वे मां बड़ी चंद्रिका देवी मंदिर के पास पहुंचीं, तभी छतरपुर की ओर से आ रही तेज रफ्तार पिकअप ने उन्हें रौंद दिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि भगवती और श्यामारानी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गीता ने जिला अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
पुलिस जांच में जुटी, फरार चालक की तलाश जारी
हादसे में घायल तुलसिया (65) और उनकी बहू राजकुमारी उर्फ कपूरी (40) की हालत गंभीर बनी हुई है। दोनों को प्राथमिक इलाज के बाद मेडिकल कॉलेज झांसी रेफर किया गया है। श्यामारानी के बेटे संतोष की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने अज्ञात पिकअप चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। सूचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक वंदना सिंह, क्षेत्राधिकारी अरुण कुमार सिंह और कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों से जानकारी ली। पुलिस का कहना है कि फरार चालक की तलाश की जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस हादसे ने एक बार फिर हाईवे पर पैदल चलने वाले मजदूरों की सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
