बरेली : नगर निगम में एबीवीपी कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए हंगामे और कथित अभद्रता के विरोध में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे सफाई कर्मियों ने तीसरे दिन हड़ताल समाप्त कर दी। रविवार दोपहर नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य और दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री एवं यूपी एससी -एसटी आयोग के सदस्य उमेश कठेरिया के हस्तक्षेप के बाद कर्मचारियों ने काम पर लौटने का फैसला लिया। तीन दिनों से सफाई व्यवस्था ठप होने के कारण शहर की सड़कों, गलियों और सार्वजनिक स्थलों पर कूड़े के ढेर लग गए थे। हड़ताल खत्म होते ही शाम से नगर निगम की गाड़ियों ने डंपिंग पॉइंट्स और मोहल्लों से कचरा उठाना शुरू कर दिया।
जानें क्या था मामला?
शुक्रवार को नगर निगम में एवीबीपी कार्यकर्ताओं द्वारा प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर नगर आयुक्त के साथ अभद्रता और धक्का-मुक्की का आरोप है। इसके विरोध में सफाई कर्मचारी और कूड़ा उठाने वाले वाहन चालक हड़ताल पर उतर आए थे। जिसके चलते शहर की सफाई व्यवस्था ठप हो गई थी। मगर, रविवार को दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री उमेश कठेरिया धरना स्थल पर पहुंचे और कर्मचारियों से संवाद किया। उन्होंने कहा “घटना की निष्पक्ष जांच होगी। दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सरकार कर्मचारियों के सम्मान और सुरक्षा के साथ है।”नगर आयुक्त ने भी कर्मचारियों से अपील करते हुए आश्वासन दिया कि दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आंदोलन ‘स्थगित’, खत्म नहीं
नगर निगम कर्मचारी संघ और सफाई कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने कहा “कार्रवाई होने तक आंदोलन स्थगित है, समाप्त नहीं। यदि वादा टूटता है तो हम फिर आंदोलन करेंगे।”डोर-टू-डोर कचरा संग्रह सोमवार से शुरू होगा। मुख्य मार्गों और मोहल्लों में सफाई टीमें सक्रिय हैं। कूड़ा उठाने वाली नगर निगम की गाड़ियां डंपिंग ग्राउंड तक लगातार फेरे लगा रही हैं पिछले तीन दिनों में लगभग 9,000 टन कचरा शहर में जमा हो गया था, जिसे साफ करने में 24 से 48 घंटे लग सकते हैं।
