‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह’ के तहत चारों विधानसभा क्षेत्रों से जुटे सपा कार्यकर्ता, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग; राष्ट्रपति के नाम डीएम को सौंपा ज्ञापन
पीलीभीत: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने पीलीभीत में विरोध प्रदर्शन किया। ‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह’ अभियान के तहत जिले की चारों विधानसभा क्षेत्रों से सपा कार्यकर्ता शहर में जुटे और पार्टी कार्यालय से कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान एक कार्यकर्ता ने ज्ञानेश कुमार का मुखौटा पहनकर विरोध जताया। उसके हाथ में एक बैनर भी था, जिस पर लिखा था- ‘मैं हूं ज्ञानेश कुमार, मैंने भाजपा के कहने पर वोट चोरी किया है।’ सपा कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की।
चारों विधानसभा क्षेत्रों से जुटे कार्यकर्ता
समाजवादी पार्टी के मुताबिक, जिले की सभी चार विधानसभा क्षेत्रों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता नकटा दाना चौराहे स्थित पार्टी कार्यालय पहुंचे। यहां से कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला। मार्च के दौरान कार्यकर्ताओं ने चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शन में सपा के प्रदेश सचिव जगदेव सिंह जग्गा, जिलाध्यक्ष धर्मेश गंगवार और पूर्व मंत्री हेमराज वर्मा समेत कई नेता शामिल हुए।
ज्ञानेश कुमार का मुखौटा पहनकर किया विरोध
प्रदर्शन के दौरान एक कार्यकर्ता ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का मुखौटा पहन रखा था। उसके हाथ में एक बैनर था, जिस पर चुनाव प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए थे।सपा कार्यकर्ताओं ने इसे विरोध प्रदर्शन का प्रतीक बताया। मुखौटा पहने कार्यकर्ता को प्रदर्शन के दौरान सड़कों पर ले जाया गया और उसके जरिए मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ पार्टी का विरोध दर्ज कराया गया।
चुनाव प्रक्रिया में धांधली का लगाया आरोप
सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि चुनाव प्रक्रिया में कथित धांधली की गई और पारदर्शिता नहीं बरती गई। पार्टी नेताओं ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर में कथित गड़बड़ियों की जांच कराने की मांग उठाई। सपा नेताओं का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाताओं के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
राष्ट्रपति के नाम डीएम को सौंपा ज्ञापन
कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी आलोक कुमार के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के साथ मतदाता सूची के एसआईआर में कथित गड़बड़ियों की जांच कराने की मांग की गई है।
दिव्यांग व्यक्ति के नारे लगाने से असहज स्थिति
कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद प्रदर्शन के दौरान एक दिव्यांग व्यक्ति ने भीड़ को देखकर सपा कार्यकर्ताओं के विरोध में नारे लगाए। उसने ‘टोपी चोर’ के नारे लगाए, जिससे कुछ देर के लिए मौके पर असहज स्थिति बन गई। हालांकि, प्रदर्शन आगे जारी रहा और सपा नेताओं ने अपना ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजा।
सपा ने आगे भी आंदोलन जारी रखने के संकेत दिए
सपा नेताओं ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े सवालों को लेकर उनका विरोध जारी रहेगा। पार्टी का कहना है कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में चुनाव प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष होनी चाहिए। फिलहाल पीलीभीत में सपा के इस प्रदर्शन और ज्ञानेश कुमार का मुखौटा पहनकर किए गए विरोध की चर्चा राजनीतिक गलियारों में बनी हुई है।
