बरेली: ज़िले के आंवला थाना क्षेत्र में एक युवक को आत्महत्या करने से बचाने के बाद पुलिस के सामने नई चुनौती खड़ी हो गई। मेडिकल कराने के लिए ले जाए गए युवक ने भमोरा सीएचसी से फरार होकर पुलिस की चिंता बढ़ा दी। सूचना मिलते ही पुलिस की दो टीमें उसकी तलाश में जुट गईं। कई घंटे की खोजबीन के बाद युवक भमोरा सीएचसी की छत पर मिला। इसके बाद पुलिस ने उसे सकुशल उसके परिजनों के हवाले कर दिया। पुलिस के अनुसार युवक मानसिक रूप से बीमार है और पिछले दो वर्षों से उसका इलाज चल रहा है।
तालाब में कूदने की सूचना पर मौके पर पहुंची थी पुलिस
पुलिस के मुताबिक, लखीमपुर खीरी के गोला निवासी युवक अपने माता-पिता के साथ तीन दिन पहले मनौना धाम आए थे। इस दौरान वह अचानक परिवार से बिछड़ गया। डायल-112 पर सूचना मिली कि एक युवक तालाब में कूदकर आत्महत्या करने की कोशिश कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और युवक को सुरक्षित बचाकर आंवला थाने ले आई। थाने में उसकी जानकारी दर्ज की गई, लेकिन वह अपना नाम और पता ठीक से नहीं बता पा रहा था।
मेडिकल के दौरान भमोरा सीएचसी से हो गया फरार
पुलिस युवक को मेडिकल के लिए पहले आंवला सीएचसी लेकर पहुंची, लेकिन वहां पर्याप्त स्टाफ मौजूद नहीं था। इसके बाद उसे भमोरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया। पुलिस के अनुसार, वहां युवक ने टॉयलेट जाने की बात कही और इसी दौरान वह पुलिस की निगरानी से निकलकर फरार हो गया। घटना की जानकारी तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई और पुलिस को उसकी तलाश में लगाया गया।
घंटों की तलाश के बाद सीएचसी की छत पर मिला युवक
पुलिस लगातार युवक की तलाश में जुटी रही। साथ ही तकनीकी सहायता से उसके गांव और परिजनों का पता लगाया गया। युवक भमोरा सीएचसी की छत पर सोता हुआ मिला। पुलिस ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा और उसके परिजनों को बुलाकर उनके सुपुर्द कर दिया। परिजनों ने बताया कि युवक मानसिक रूप से बीमार है और पिछले दो वर्षों से मानसिक अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि वह पहले भी कई बार घर से बिना बताए चला जाता है।
SHO आंवला बोले- परिवार ने पुलिस का जताया आभार
इस पूरे मामले पर थाना प्रभारी आंवला ने The Justice Hindi को बताया कि सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति आत्महत्या का प्रयास कर रहा है। सूचना मिलते ही वह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और युवक की जान बचाई। युवक अपना सही नाम और पता नहीं बता पा रहा था, इसलिए तकनीकी सहायता से उसके गांव की जानकारी जुटाई गई और ग्राम प्रधान के माध्यम से परिवार से संपर्क किया गया। इसके बाद मेडिकल और आवश्यक चिकित्सकीय सलाह के लिए उसे पहले आंवला सीएचसी और फिर भमोरा सीएचसी ले जाया गया, जहां वह टॉयलेट जाने का बहाना बनाकर निकल गया। थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस ने उसकी तलाश की और कुछ ही देर बाद वह सुरक्षित मिल गया। बाद में उसे उसके परिवार के हवाले कर दिया गया। थाना प्रभारी के अनुसार, युवक परिवार की इकलौती संतान है और उसे सकुशल पाकर उसके माता-पिता बेहद भावुक हो गए। उन्होंने पुलिस की तत्परता और मानवीय प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया।
