बुलंदशहर : उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर में चैंबर विवाद ने खूनी रूप ले लिया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष जियाउर्ररहमान के पिता और उनके साले को गोली मार दी गई। दोनों अधिवक्ताओं के पैर में गोली लगी है और उनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। घटना के बाद पूरे कचहरी परिसर में हड़कंप मच गया, जबकि पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
दरअसल यह पूरा मामला बुलंदशहर जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर में स्थित चैंबर नंबर 272 को लेकर चल रहे विवाद से जुड़ा है। घायल अधिवक्ता इमामुद्दीन, जो कांग्रेस जिलाध्यक्ष जियाउर्ररहमान के पिता हैं, का आरोप है कि यह चैंबर उन्हें विधिवत प्रक्रिया के तहत अलॉट किया गया था। लेकिन बार एसोसिएशन के पूर्व सचिव पवन निम और उनके समर्थक लगातार इसका विरोध कर रहे थे।
बताया जा रहा है कि सोमवार सुबह करीब साढ़े छह बजे इमामुद्दीन को सूचना मिली कि कुछ लोग उनके चैंबर का ताला तोड़ रहे हैं। सूचना मिलते ही वह अपने रिश्तेदार और अधिवक्ता रऊफ खान के साथ कचहरी पहुंचे। वहां पहुंचकर उन्होंने देखा कि कुछ लोग कथित तौर पर चैंबर का ताला तोड़ने की कोशिश कर रहे थे।
आरोप है कि जब इमामुद्दीन और रऊफ खान ने इसका विरोध किया तो विवाद बढ़ गया। देखते ही देखते दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई और फिर मामला हिंसा तक पहुंच गया। इमामुद्दीन का आरोप है कि इसी दौरान आरोपियों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी और फिर फायरिंग कर दी।
बताया जा रहा है कि आरोपियों ने तीन राउंड फायरिंग की। एक गोली इमामुद्दीन की दाहिनी जांघ में लगी, जबकि दूसरी गोली रऊफ खान के घुटने के नीचे जा लगी। गोली लगते ही दोनों अधिवक्ता लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। घटना के बाद कचहरी परिसर में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई।
गोली चलने की आवाज सुनकर बड़ी संख्या में अधिवक्ता और अन्य लोग मौके पर जुट गए। सूचना मिलते ही कोतवाली नगर पुलिस भी भारी फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने दोनों घायलों को तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है।
घटना के बाद पुलिस ने पूरे कोर्ट परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी है। विवादित चैंबर नंबर 272 को सील कर दिया गया है ताकि आगे किसी तरह का तनाव न बढ़े। पुलिस ने मुख्य आरोपी पवन निम समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां मामले में सुनवाई चल रही है।
एसएसपी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि कचहरी परिसर में मारपीट और फायरिंग की घटना हुई है, जिसमें दो अधिवक्ता घायल हुए हैं। पुलिस को तहरीर मिल गई है और उसी आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। घटना के बाद कचहरी परिसर में तनाव का माहौल बना हुआ है। बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि फायरिंग के दौरान इस्तेमाल हथियार लाइसेंसी था या नहीं, और घटना के पीछे कोई पुरानी रंजिश तो नहीं थी।
फिलहाल बुलंदशहर की यह घटना कानून व्यवस्था और न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रही है। जहां न्याय दिलाने की जगह मानी जाती है, वहीं खुलेआम फायरिंग की घटना ने सभी को हैरान कर दिया है।
