बरेली: शासन की जनसुनवाई समाधान प्रणाली (IGRS) के तहत दर्ज होने वाली जनशिकायतों को समय पर और सही तरीके से निपटाने में बरेली ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है। जनवरी 2026 की रैंकिंग में बरेली को पूरे उत्तर प्रदेश में पहला स्थान मिला है। यह सफलता डीआईजी अजय कुमार साहनी के निर्देशन और लगातार निगरानी का नतीजा मानी जा रही है।
बरेली, बदायूं, पीलीभीत और शाहजहांपुर रहे आगे
जनवरी की रैंकिंग में बरेली, बदायूं, पीलीभीत और शाहजहांपुर जिलों ने बेहतर काम करते हुए प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। इन चारों जिलों के कुल 88 थानों के काम को सबसे अच्छा माना गया है।
बरेली जिले के 28 थानों ने किया शानदार काम
बरेली जिले के 28 थानों ने IGRS पर आने वाली शिकायतों के निस्तारण में अच्छा काम किया, जिससे जिले को यह उपलब्धि मिली। इसमें कोतवाली, महिला थाना, सुभाषनगर, किला, भोजीपुरा, आंवला, नवाबगंज, मीरगंज, फरीदपुर जैसे थाने शामिल हैं।
अन्य जिलों के थानों का भी रहा अच्छा प्रदर्शन
बदायूं के 20, पीलीभीत के 17 और शाहजहांपुर के 23 थानों ने भी जनशिकायतों के निस्तारण में संतोषजनक काम किया। महिला थानों सहित ग्रामीण और शहरी इलाकों के थानों ने समय पर कार्रवाई कर लोगों का भरोसा जीता।
IGRS कर्मियों को मिलेगा इनाम
जनशिकायतों के बेहतर निस्तारण में अच्छा काम करने वाले IGRS से जुड़े कर्मचारियों जैसे उपनिरीक्षक शालू, कंप्यूटर ऑपरेटर अमरेंद्र कुमार और आरक्षी सलिल सक्सेना को नगद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। जिन थानों का IGRS पर काम उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है, उनके काम की जांच की जाएगी ताकि आगे शिकायत निस्तारण व्यवस्था को और बेहतर बनाया जा सके।
