रबूपुरा के गांव में पति-पत्नी और तीन बच्चों के शव मिलने से सनसनी, महिला के मायके पक्ष ने सास और ननद पर लगाए आरोप; पुलिस ने फॉरेंसिक टीम की मदद से शुरू की जांच
नोएडा: गौतमबुद्ध नगर जिले के रबूपुरा कोतवाली क्षेत्र के नगला श्रीगोपाल गांव में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत से सनसनी फैल गई। मृतकों में पति महेश, उनकी पत्नी ललिता और तीन बच्चे शामिल हैं। शुरुआत में मामले को संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत और संभावित फूड पॉइजनिंग से जोड़कर देखा गया, लेकिन बाद में मृतका के मायके पक्ष ने हत्या का आरोप लगाया। परिजनों ने इस घटना के पीछे जमीन और मकान को लेकर विवाद की आशंका जताई है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
सुबह दरवाजा नहीं खुला तो हुआ शक
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, महेश और उनका परिवार रात करीब 10 बजे मैगी खाने के बाद सोया था। सुबह काफी देर तक घर का दरवाजा नहीं खुलने पर लोगों को शक हुआ। इसके बाद दरवाजा खोलकर देखा गया तो पांचों बिस्तर पर मृत मिले। मृतकों की पहचान 37 वर्षीय महेश, 35 वर्षीय ललिता, 11 वर्षीय लड्डू, सात वर्षीय मिष्टी और तीन वर्षीय साक्षात के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। घर के बाहर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मौत की वास्तविक वजह जानने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
10 बीघा जमीन और मकान को लेकर विवाद का आरोप
ललिता के मायके पक्ष के लोगों का आरोप है कि करीब छह महीने पहले महेश की मां ने लगभग 10 बीघा जमीन अपनी बेटी और उसके पति के नाम कर दी थी। परिजनों के मुताबिक, वर्ष 2015-16 में मिले मुआवजे को लेकर भी परिवार में विवाद था। उनका दावा है कि महेश को मुआवजे की राशि नहीं दी गई थी। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि हाल ही में उस मकान को भी बेटी के नाम कर दिया गया, जिसमें महेश अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रह रहे थे। मायके पक्ष ने महेश की मां और बहन पर मिलकर पांचों की हत्या करने का आरोप लगाया है। हालांकि, पुलिस की ओर से अभी तक इन आरोपों की पुष्टि नहीं की गई है। जमीन और मकान के विवाद को लेकर किए गए दावों की भी जांच की जानी बाकी है। इसलिए फिलहाल इसे हत्या का साबित मामला मानने के बजाय संदिग्ध मौतों की जांच के रूप में देखा जा रहा है।
फॉरेंसिक टीम ने जुटाए वैज्ञानिक साक्ष्य
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, वरिष्ठ अधिकारी, एंबुलेंस और खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम मौके पर पहुंची। फील्ड यूनिट और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। इसमें खाद्य पदार्थ से विषाक्तता की आशंका, पारिवारिक विवाद और मृतका के मायके पक्ष की ओर से लगाए गए हत्या के आरोप शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद मौत की वजह को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पुलिस ने मामले में जांच जारी होने की जानकारी दी है। प्रशासन की ओर से जल्द तथ्य सामने लाने की बात कही गई है।
