फिरोजाबाद/टूंडला/लखनऊ : एक प्रेम-प्रसंग ने दो बच्चों से उनके माता-पिता छीन लिए। टूंडला के गांव उलाऊ में युवक सुनील यादव की संदिग्ध मौत की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। हत्या के आरोप में उसकी पत्नी शशि और प्रेमी यादवेंद्र को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। मगर, इस हत्या का तरीका चौंकाने वाला है। पत्नी ने ऑनलाइन ज़हर मंगवाया और उसे दही में मिलाकर दो बार पति को खिलाया था।
ऑनलाइन मंगवाया गया ज़हर, हत्या की प्रेरणा इंदौर केस से
पुलिस के मुताबिक, दोनों ने इंदौर की एक चर्चित हत्या से प्रेरणा लेकर प्लान बनाया। 12 मई को पहली बार शशि ने ज़हर मिलाकर दही में दिया। जिससे सुनील की तबीयत बिगड़ गई। अस्पताल में इलाज के बाद जब वह घर लौटा, तो 14 मई को फिर ज़हर मिला दही दिया गया। जिससे उसकी मौत हो गई।
12 साल की शादी, दो मासूम बच्चे अब बेसहारा
शशि और सुनील की शादी 12 साल पहले हुई थी। उनके दो बच्चे, 10 साल का अंशु और 6 साल की दीपांशी, अब पूरी तरह अकेले हो चुके हैं। पिता की मौत और मां के जेल जाने से परिवार बिखर गया।
पोस्टमार्टम नहीं हुआ, अब सबूतों के सहारे केस लड़ेगी पुलिस
मृतक का अंतिम संस्कार कर दिया गया था। इसलिए पुलिस को पोस्टमार्टम नहीं मिल पाया। अब वे कपड़े, चादर और कॉल डिटेल जैसे फॉरेंसिक सबूतों के आधार पर केस को साबित करने की कोशिश में जुटी है।
मां की शिकायत से खुला राज
अगर सुनील की मां रामढकेली ने हत्या की आशंका न जताई होती, तो यह जुर्म शायद कभी सामने नहीं आता। उन्होंने 24 जुलाई को थाने में रिपोर्ट दी थी। जिसमें शशि और यादवेंद्र को जिम्मेदार ठहराया गया।
