खरगे बोले- ‘देश को अंधेरे में रखा गया’, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
एजेंसी
दिल्ली : राज्यसभा में आज ऑपरेशन सिंदूर को लेकर जबरदस्त बहस देखी गई। चर्चा की शुरुआत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की, लेकिन असली सियासी घमासान, तब हुआ जब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और भाजपा के जेपी नड्डा आमने-सामने आ गए।
खरगे ने सरकार को घेरा, पूछा- “CDS बोले, आप क्यों चुप?”
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने कहा कि”सीडीएस से लेकर सेना प्रमुख तक ने ऑपरेशन सिंदूर पर गंभीर टिप्पणियां कीं। सेना प्रमुख ने कहा कि भारत पाकिस्तान से नहीं, चीन से लड़ रहा था। फिर भी सरकार और प्रधानमंत्री ने संसद को अंधेरे में रखा। IMF और वर्ल्ड बैंक की पाकिस्तान को मदद पर भारत ने विरोध क्यों नहीं किया?”। खरगे ने गलवान का ज़िक्र करते हुए कहा, “मोदी जी ने चीन को क्लीन चिट दी थी।” उन्होंने पहलगाम हमले पर चूक स्वीकारने और कारगिल रिव्यू की तरह जांच कमेटी की मांग भी की।
जेपी नड्डा का तीखा पलटवार- “आपका एजेंडा सिर्फ पार्टी, देश गौण है!”
भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने खरगे पर सीधा तंज कसते हुए कहा कि “आपके लिए पार्टी बड़ी है, देश बाद में आता है। प्रधानमंत्री पर आपकी टिप्पणी ओछी थी। मैं आपकी पीड़ा समझता हूं कि 11 साल से आप विपक्ष में हैं। लेकिन प्रधानमंत्री आज दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता हैं, ये देश का गौरव है।”उन्होंने कहा कि खरगे मानसिक संतुलन खो बैठे हैं। इस पर विपक्षी सांसदों ने कड़ी आपत्ति जताई और शब्द कार्यवाही से हटवाने की मांग की। नड्डा ने यदि ठेस पहुंची हो तो माफी मांगी, लेकिन पलटकर कहा“खरगे जी ने भी प्रधानमंत्री की गरिमा का ध्यान नहीं रखा।”
राज्यसभा में तीखी बहस, बीच में बाधित हुई कार्यवाही
खरगे ने पीएम की गैर-मौजूदगी पर सवाल उठाए। इस पर नड्डा ने कहा कि “प्रधानमंत्री को भगवान मत बनाइए”। विपक्ष ने सरकार पर रणनीतिक विफलता और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया। सत्ता पक्ष ने कांग्रेस पर सियासी लाभ के लिए सेना का नाम घसीटने का आरोप लगाया।
