बरेली: बरेली अदालत ने एक अहम फैसला सुनाया है। यह मामला साल 2012 के फरीदपुर गैंगरेप केस से जुड़ा है, जिसमें 13 साल बाद अदालत ने मुख्य आरोपी इमरान को 8 साल की सज़ा सुनाई है, जबकि चार अन्य आरोपियों को 4-4 साल की सज़ा दी गई है।
क्या था मामला?
शिकायतकर्ता ने बताया था कि उसकी भांजी 20 दिसंबर 2012 को शौच के लिए खेतों में गई थी, तभी आरोपी इमरान, जमीजन, शरीफ अहमद, शमशाद और मजीद उसे जबरन अपने टेम्पो में बैठाकर ले गए और इमरान ने उसके साथ दुष्कर्म किया। इस घटना के बाद थाना देवरनिया में केस दर्ज किया गया था।
कड़ी सज़ा और जुर्माना भी लगाया गया
अदालत ने सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष के 11 गवाहों के बयान दर्ज किए, जिसके बाद अदालत ने मुख्य आरोपी इमरान पुत्र शरीफ अहमद को धारा 376 में दोषी ठहराते हुए 8 साल की कठोर सज़ा और 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया। इसके अलावा धारा 363 और 368 में 4 साल की सज़ा और 5,000 रुपये का अतिरिक्त जुर्माना भी लगाया गया।
अन्य चार आरोपी — जमीजन, शरीफ अहमद, शमशाद और मजीद को धारा 363 और 368 में दोषी पाते हुए 4-4 साल की जेल और 5,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। जुर्माना न देने पर सभी आरोपियों को अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
