लखनऊ : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य बजट को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में 9 लाख 12 हजार 696 करोड़ रुपये का बजट पेश किया गया है, जो देश की सबसे बड़ी आबादी वाले राज्य का बजट है। मुख्यमंत्री ने इसे किसान, युवा और महिला केंद्रित बजट बताया और कहा कि इसमें समाज के हर वर्ग का ध्यान रखा गया है।
सीएम योगी ने कहा कि पिछले 9 वर्षों में उत्तर प्रदेश को लेकर देश की सोच बदली है। इन वर्षों में एक भी नया टैक्स नहीं लगाया गया, इसके बावजूद राज्य का बजट तीन गुना से अधिक बढ़ा है। उन्होंने कहा कि यह पहली बार है जब किसी एक सरकार ने लगातार दसवीं बार बजट प्रस्तुत किया है, जो स्थिर शासन और मजबूत वित्तीय प्रबंधन को दर्शाता है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बजट की थीम “सुरक्षित नारी, सक्षम युवा और खुशहाल किसान” रखी गई है। बजट में लगभग दो लाख करोड़ रुपये की राशि कैपिटल एक्सपेंडिचर यानी बुनियादी ढांचे और नए निर्माण कार्यों के लिए निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि इसी पूंजीगत खर्च से रोजगार के नए अवसर पैदा होते हैं और विकास को गति मिलती है। सीएम योगी ने कहा कि बजट में 43 हजार 565 करोड़ रुपये की धनराशि नई योजनाओं के लिए प्रस्तावित की गई है। इसके साथ ही राज्य में सिटी इकनॉमिक ज़ोन विकसित करने के लिए नई कार्ययोजना को भी बजट में शामिल किया गया है, जिससे शहरी अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने जोर देते हुए कहा कि “रूल ऑफ लॉ” ही वास्तविक विकास की गारंटी है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में करीब 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव आए हैं, जो राज्य में बढ़ते विश्वास को दर्शाते हैं। सीएम योगी ने यह भी कहा कि अन्नदाता किसान अब सिर्फ लाभार्थी नहीं है, बल्कि प्रदेश के विकास का भागीदार है।
उन्होंने कहा कि बीते नौ वर्षों में कर चोरी की शिकायतों पर प्रभावी नियंत्रण किया गया, जिससे राजस्व में वृद्धि हुई और बिना टैक्स बढ़ाए विकास संभव हो सका। मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि यह बजट उत्तर प्रदेश को आर्थिक रूप से और अधिक मजबूत बनाएगा और विकास की रफ्तार को नई ऊंचाई देगा।
