बरेली : यूपी के बरेली जिले में पिछले दो दिनों से लगातार हो रही बारिश के बीच मकान और खपरैल गिरने की घटनाएं सामने।आई हैं। मीरगंज थाना क्षेत्र में बरामदे की खपरैल गिरने से 65 वर्षीय महिला की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। वहीं अलीगंज क्षेत्र में लेंटर सहित मकान धराशायी हो गया। एक अन्य स्थान पर कच्चा मकान भी गिर गया।
मीरगंज में खपरैल गिरने से महिला की मौत
देहात के मीरगंज थाना क्षेत्र के गांव गोरा लोकनाथपुर में रविवार सुबह करीब पांच बजे बारिश के बीच एक मकान के बरामदे की खपरैल अचानक भरभराकर गिर गई। हादसे में 65 वर्षीय फूला देवी मलबे में दब गईं। उनके साथ मौजूद सोमपाल भी हादसे की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया।।बताया गया कि फूला देवी सुबह शौचालय से लौट रही थीं, तभी अचानक बरामदे की खपरैल उनके ऊपर गिर गई। उनका मुख्य मकान पक्का था, जबकि बरामदे में खपरैल पड़ी हुई थी। खपरैल गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर दोनों को बाहर निकाला। फूला देवी को बाहर निकाले जाने तक उनकी मौत हो चुकी थी। वहीं गंभीर रूप से घायल सोमपाल को 108 एंबुलेंस की मदद से अस्पताल भेजा गया।
फूला देवी के पति नेक्शु की करीब आठ वर्ष पहले मौत हो चुकी थी। वह अपने बेटे कांशीराम के साथ रहती थीं। हादसे के समय उनका बेटा घर पर मौजूद नहीं था। महिला की मौत की खबर से परिवार में कोहराम मच गया।
अलीगंज में लेंटर सहित मकान धराशायी

दूसरी घटना अलीगंज क्षेत्र के गांव सूदनपुर में रविवार तड़के करीब साढ़े चार बजे हुई। यहां नन्हें पुत्र प्यारेलाल राठौर का मकान लेंटर सहित अचानक धराशायी हो गया। बताया गया कि लगातार बारिश के कारण मकान की स्थिति कमजोर हो गई थी। गनीमत रही कि नन्हें सुबह करीब चार बजे उठकर भैंस को चारा डालने लगे थे। इसी दौरान मकान का लेंटर गिर गया। उनका 30 वर्षीय बेटा राजेश भी लेंटर गिरने के दौरान मच्छरदानी समेत तालाब में जा गिरा, जिससे उसकी जान बच गई। हादसे में एक ट्रैक्टर भी मलबे के नीचे दब गया।
नौगवां अहिरान में कच्चा मकान गिरा
लगातार बारिश के बीच नौगवां अहिरान निवासी भूरे का कच्चा मकान भी गिर गया। हालांकि इस घटना में किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है।।लगातार बारिश के बीच अलग-अलग क्षेत्रों में मकान और खपरैल गिरने की घटनाओं ने ग्रामीण इलाकों में पुराने और कच्चे मकानों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय स्तर पर राहत और नुकसान का आकलन किए जाने की जानकारी सामने आई है।
