बरेली कैंट में ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान के तहत तालाब की सफाई और पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम, CEO डॉ. तनु जैन के नेतृत्व में स्थानीय नागरिकों और स्वयंसेवकों ने लिया हिस्सा
बरेली: स्वच्छता ही सेवा अभियान के अंतर्गत बरेली कैंट परिसर स्थित धोपेश्वर मंदिर में तालाब स्वच्छता, जल संरक्षण और पर्यावरण जागरूकता को लेकर विशेष अभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य मंदिर परिसर में स्थित तालाब और उसके आसपास के क्षेत्र की स्वच्छता के साथ जलस्रोत के संरक्षण तथा स्थानीय पर्यावरण के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना रहा।
तालाब की सफाई के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश
अभियान के दौरान मंदिर परिसर के तालाब और आसपास के क्षेत्र की सफाई की गई। क्षेत्र से अपशिष्ट हटाने के साथ लोगों को जलस्रोतों को स्वच्छ रखने और उनके संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से स्वच्छ एवं स्वस्थ पर्यावरण के लिए सामुदायिक भागीदारी को भी प्रोत्साहित किया गया।आयोजन में इस बात पर जोर दिया गया कि जलस्रोतों की स्वच्छता केवल सफाई तक सीमित विषय नहीं है। तालाबों का संरक्षण जल-संरक्षण, जैव-विविधता, सार्वजनिक स्वास्थ्य और भावी पीढ़ियों के लिए पर्यावरणीय सुरक्षा से भी जुड़ा है।
5,000 से अधिक दीपों से दिया सामूहिक संकल्प का संदेश
कार्यक्रम के दौरान 5,000 से अधिक दीप प्रज्वलित किए गए। दीप प्रज्वलन के जरिए स्वच्छता, जल संरक्षण और पर्यावरण के प्रति सामूहिक संकल्प को सांस्कृतिक स्वरूप दिया गया। इससे कार्यक्रम में स्वच्छता और प्रकृति संरक्षण के साथ सांस्कृतिक विरासत का संदेश भी सामने आया।
डॉ. तनु जैन के नेतृत्व में हुआ आयोजन
कार्यक्रम का नेतृत्व बरेली कैंटोनमेंट बोर्ड की CEO डॉ. तनु जैन ने किया। इस अवसर पर कैंट विधायक संजीव अग्रवाल और वैभव शर्मा सहित स्थानीय नागरिकों, स्वयंसेवकों और अन्य हितधारकों की सहभागिता रही। कार्यक्रम के जरिए लोगों को अपने आसपास के जलस्रोतों को स्वच्छ रखने, पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी निभाने और स्वच्छता अभियानों में सामुदायिक भागीदारी बढ़ाने का संदेश दिया गया।
स्वच्छता से जल संरक्षण तक पहुंचा संदेश
धोपेश्वर मंदिर परिसर में आयोजित इस अभियान में स्वच्छता, जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण और जनभागीदारी को एक साथ जोड़ने पर जोर दिया गया। आयोजन का संदेश रहा कि जलस्रोतों को स्वच्छ और संरक्षित रखना केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामूहिक भागीदारी से जुड़ा विषय है।
