पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 का माहौल अब पूरी तरह सियासी रंग में रंग चुका है। जैसे-जैसे मतदान की तारीख़ें नज़दीक आ रही हैं, वैसे-वैसे नेताओं के बयान, वादे और आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति अपने चरम पर पहुंच गई है। एक ओर विपक्ष सत्ता परिवर्तन का नारा दे रहा है, तो दूसरी ओर एनडीए अपनी उपलब्धियों का हवाला देते हुए जनता से समर्थन मांग रहा है।
तेजस्वी यादव का नीतीश कुमार पर तीखा हमला
राघोपुर विधानसभा क्षेत्र से आरजेडी नेता और मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने सीधा निशाना साधते हुए कहा, “20 साल से नीतीश कुमार मुख्यमंत्री हैं और 11 साल से नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री, लेकिन बिहार को मिला क्या? कोई कारखाना, अस्पताल या विश्वविद्यालय तक नहीं बना। बेरोजगारी और भ्रष्टाचार ही बढ़ा है।” तेजस्वी यादव के इस बयान ने सियासी माहौल को और अधिक गर्म कर दिया है।
राहुल गांधी ने उठाया शिक्षा और रोजगार का मुद्दा
मुजफ्फरपुर में चुनावी सभा के दौरान कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने जनता से सवाल किया — “बिहार के लोग दिल्ली, गुजरात, मुंबई और बेंगलुरु को अपने खून-पसीने से बनाते हैं, लेकिन अपने बिहार को क्यों नहीं बना पा रहे? 20 साल से सत्ता में नीतीश कुमार हैं, पर शिक्षा और रोजगार की स्थिति जस की तस है।”
प्रशांत किशोर ने युवाओं से किया बदलाव का आह्वान
मधेपुरा में जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने युवाओं से अपील करते हुए कहा — “अगर इस बार बदलाव हुआ और जन सुराज की सरकार बनी, तो बिहार के युवाओं को नौकरी के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। वोट इस बार पढ़ाई, रोजगार और बदलाव के लिए पड़ना चाहिए।” उनके इस बयान ने युवाओं में उम्मीद की नई लहर पैदा की है।
एनडीए का पलटवार — “जंगलराज से मुक्ति का चुनाव”
इधर, समस्तीपुर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा — “यह चुनाव बिहार को जंगलराज से मुक्ति दिलाने का चुनाव है। हमारे पाँच दल — पाँच पांडव की तरह एकजुट हैं। मोदी जी का नेतृत्व, नीतीश जी का अनुभव, चिराग पासवान का जोश, मांझी जी की तपस्या और कुशवाहा जी की निष्ठा — यही बिहार के विकास की ताकत है।”
योगी आदित्यनाथ ने कहा — “बदल चुका है बिहार”
बक्सर में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा — “तीस साल पहले जब मैं बक्सर आया था, तब बिहार में आतंक और गुंडागर्दी का बोलबाला था। अपहरण एक उद्योग बन चुका था। लेकिन आज का बिहार बदल चुका है, नया भारत और नया बिहार बन रहा है।”
राजनाथ सिंह ने विपक्ष पर लगाया विकास रोकने का आरोप
बाढ़ में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा — “आरजेडी और कांग्रेस के शासन में विकास पर ब्रेक लग गया था। अब वह ब्रेक अगर कोई तोड़ सकता है, तो वह सिर्फ एनडीए है। हमारा संकल्प है कि बिहार के नौजवानों को रोजगार मिले और राज्य विकास के रास्ते पर आगे बढ़े।”
बदलाव बनाम विकास — जनता किसे चुनेगी?
राज्य की सियासत अब केवल वादों की नहीं, बल्कि आरोपों और जवाबी दावों की जंग बन चुकी है। एक ओर तेजस्वी यादव, राहुल गांधी और प्रशांत किशोर बदलाव का नारा दे रहे हैं, तो दूसरी ओर अमित शाह, योगी आदित्यनाथ और राजनाथ सिंह स्थिरता और विकास की बात कर रहे हैं।
