दरगाह और इस्लामिया मैदान सजे रोशनी से, 200 स्टॉल वाले बड़े पुस्तक मेले की शुरुआत
बरेली : दरगाह आला हज़रत में सोमवार से शुरू होने जा रहे उर्स-ए-रज़वी 2025 की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। दरगाह प्रमुख हज़रत मौलाना सुब्हान रज़ा खान (सुब्हानी मियां) और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रज़ा क़ादरी (अहसन मियां) ने टीटीएस रजाकारों की समीक्षा बैठक कर तैयारियों का जायज़ा लिया। जायरीन की खिदमत, और सहूलियत के लिए 1500 वॉलंटियर्स नियुक्त किए गए हैं।
200 स्टॉल वाला बड़ा पुस्तक मेला लगेगा

इस्लामिया मैदान, और दरगाह गेट को रोशनी से सजाया गया है। इस्लामिया मैदान में 200 स्टॉलों वाला बड़ा पुस्तक मेला लगाया जाएगा। इसमें आला हज़रत की मशहूर तसानीफ़ जैसे कंजुल ईमान, फ़तावा रज़विया, फ़तावा मुस्तफ़िया और नातिया दीवान के साथ अन्य किताबें सस्ती कीमत पर उपलब्ध होंगी।
शहर मेजबानी को तैयार
यूपी का बरेली शहर जायरीन की मेहमाननवाज़ी के लिए तैयार हो गया है। ज़िला प्रशासन, दरगाह, इंतेज़ामिया और स्थानीय लोगों ने मिलकर ठहरने की व्यवस्था स्कूलों, मदरसों, शादी हाल और मेहमान खानों में की है। रेलवे ने भी उर्स स्थल पर टिकट विंडो और टाइम टेबल बोर्ड लगाने की सुविधा दी है।
टीटीएस, और रज़ाकारों ने किया पौधारोपण
सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां की अपील पर टीटीएस रजाकारों ने शहर में पौधा रोपड़ अभियान चलाया। इस्लामिया मैदान, पीलीभीत बाईपास, बाकरगंज, रज़ा कॉलोनी और फरीदपुर में फलदार, और छायादार पौधे लगाए गए। रहपुरा चौधरी से तिरंगे के साथ फूलों की टोकरी का जुलूस दरगाह पहुंचा। इसमें शामिल लोगों ने रास्ते में पौधे बांटकर हरियाली का पैग़ाम दिया। नासिर कुरैशी ने बताया कि इस मौके पर शहर का हर शख्स मेज़बान है और देश-विदेश से आने वाले जायरीन मेहमान होंगे।
