बेंगलुरु/ लखनऊ : कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने शुक्रवार को बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में आयोजित ‘वोट अधिकार रैली’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर तीखा हमला बोला। खरगे ने आरोप लगाया कि 2019 का लोकसभा चुनाव कांग्रेस फर्जी वोटों के चलते हारी थी। उन्होंने मोदी सरकार को “चोरी की सरकार” करार देते हुए कहा कि यह सरकार देश को फर्जी वोटों के सहारे चला रही है। खरगे ने कहा- “मैंने 2019 में ही कहा था कि कांग्रेस फर्जी वोटों के चलते हारी, और अब वह बात सच साबित हो रही है।” उनका आरोप है कि चुनाव आयोग पीएम मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के इशारे पर काम करता है।
बेंगलुरु वोटिंग पर गंभीर आरोप
कांग्रेस अध्यक्ष ने खुलासा किया कि महादेवपुरा विधानसभा सीट पर 6.6 लाख वोटों का सत्यापन हुआ है, और यह चुनाव धोखेबाज तरीके से हुआ था। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग तय करता है कि कहां वोट घटेंगे, और कहां बढ़ेंगे, ताकि भाजपा को फायदा मिले। खरगे का कहना है कि महाराष्ट्र, कर्नाटक और 2024 के लोकसभा चुनावों में भी भाजपा ने गैरकानूनी तरीके से जीत हासिल की।
11 अगस्त को चुनाव आयोग तक मार्च
खरगे ने बताया कि INDIA गठबंधन के सांसद 11 अगस्त को दिल्ली में चुनाव आयोग के दफ्तर तक मार्च करेंगे, ताकि वोटिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता लाई जा सके। उन्होंने महात्मा गांधी के “करो या मरो” नारे को दोहराते हुए कहा कि अब संविधान की रक्षा के लिए यही करना होगा।
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी बोले, 10 वर्ष की वीडियो जारी करें
इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी रैली में कहा कि पिछले 10 वर्षों की वोटर लिस्ट, और मतदान केंद्रों की वीडियो रिकॉर्डिंग तुरंत सार्वजनिक की जानी चाहिए। राहुल का दावा है कि उनकी पोलिंग रिपोर्ट में कर्नाटक में कांग्रेस को 16 सीटों पर बढ़त थी, लेकिन नतीजों में सिर्फ 9 सीटें मिलीं। उन्होंने आरोप लगाया कि जब उन्होंने चुनाव आयोग से सीसीटीवी फुटेज और वोटर लिस्ट मांगी तो न केवल जानकारी नहीं दी गई, बल्कि कानून भी बदल दिया गया।
